गंगा में इलाहाबाद से हल्दिया के बीच शुरू होने वाली जल परिवहन की योजना में नया आयाम जुड़ने जा रहा है। अब रामनगर के मल्टी मॉडल टर्मिनल को कार्गो हब के रूप में विस्तार दिया जाएगा। इसके तहत इस टर्मिनल में कार्गो के अलावा कोल्ड स्टोरेज, बेवरेज हाउस और पैकिंग आदि की भी सुविधा मिल सकेगी। इसके विस्तार के लिए मौजूदा भूमि से कहीं ज्यादा भूमि की जरूरत पर अंतिम निर्णय 26 मई को होगा। 26 मई को वर्ल्ड बैंक के प्रतिनिधियों के साथ ही आईडब्ल्यूएआई के प्रोजेक्ट मैनेजर, रेलवे और कुछ अन्य कंपनियों के प्रतिनिधि एक साथ बैठक करेंगे। कार्गो हब बनने के बाद देश के कोने-कोने से हर तरह के उत्पाद सड़क, रेल और जल मार्ग से वाराणसी पहुंचेंगे। उन्हें रखने, संरक्षित करने और पैकेजिंग आदि की सुविधा हब में ही मिल जाएगी। इसके बाद उन्हीं परिवहन माध्यमों से इन्हें अलग-अलग स्थानों पर भेज दिया जाएगा।
खूबसूरती और सुविधाओं के दृष्टिकोण से कैंट रेलवे स्टेशन को एयरपोर्ट की तरह विकसित किया जा रहा है। इसके लिए स्टेशन के सभी प्लेटफार्म पर फाल्स सीलिंग लगाई जा रही है तो वहीं प्लेटफार्म चौड़ा करने के साथ ही उस पर ग्रेनाइट लगाने का काम शुरू हो गया है। कुछ ही महीने में स्टेशन पर वीआईपी लाउंज, आईटीबी, चौड़े फुटओवरब्रिज, सभी प्लेटफार्म पर स्वचालित सीढ़ी और लिफ्ट लगी नजर आएंगी। इसके साथ ही मंडुवाडीह और सिटी रेलवे स्टेशन को सेटेलाइट टर्मिनल के रूप में विकसित किया जा रहा है।