टाउनहाल मैदान पर लंबे समय से चले आ रहे ठेकेदारों के कब्जा मुक्त कराने के लिए सोमवार को स्थानीय नागरिकों और बच्चों का गुस्सा फूट पड़ा। लोग सड़क पर उतर आए और जमकर विरोध प्रदर्शन किया। विरोध प्रदर्शन और नारेबाजी के चलते मैदागिन चौराहे पर कुछ देर के लिए जाम लग गया। मामले में ज्ञापन देकर जिलाधिकरी विजय किरन आंनद से मैदान को खाली कराने की गुहार लगाई गई है। कहा गया है कि तत्कालीन जिलाधिकारी प्रांजल यादव ने अपने कार्यकाल में यहां से प्रदर्शनी को हटवा दिया था।
प्रदर्शन कर रहे नागरिकों ने अमर उजाला में हाल में प्रकाशित खबरों का हवाला देते हुए कि मैदान को राजा विजयानगरम द्वारा दान में दिया गया था। सुबह-शाम बुजुर्गों के घूमने-टहलने के लिए अकेला मैदान है। इन दिनों गर्मी की छुट्टियां चल रही हैं और बच्चों को खेलने के लिए आसपास कोई जगह नहीं है। आरोप है कि सोमवार सुबह बच्चे क्रिकेट खेलने के लिए मैदान में गए तो उन्हें वहां से भगा दिया गया। इससे लोग आक्रोशित हो गए और विरोध प्रदर्शन करने लगे। बच्चे तख्तियाें पर ‘टाउनहाल को अपराधियों से मुक्त करो’, ‘अवैध पार्किंग बंद हो’, ‘जिलाधिकारी महोदय हम खेलने कहां जाएं’ लिखे स्लोगन लेकर विरोध किए। इस दौरान जमकर नारेबाजी भी की गई। लोगों ने कहा कि नगर निगम और ठेकेदारों की मिलीभगत से पिछले कई वर्ष से औने-पौने शुल्क पर इसका आवंटन कराकर व्यावसायिक इस्तेमाल कर सरकारी राजस्व का नुकसान किया जा रहा है। इस समय यहां जिस व्यक्ति ने यहां कब्जा जमा रखा है, उस पर कई थानों में आपराधिक मुकदमें भी दर्ज हैं।
विरोध प्रदर्शन के बाद सप्तसागर यादव महासभा के अध्यक्ष प्रमोद यादव की अध्यक्षता में बुलानाला में बैठक हुई। बैठक में मैदान को खाली कराने, प्रदर्शनी बंद कराने, टाउनहाल की दूकानों से कब्जा हटाने और नगर निगम के दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इस दौरान गोपाल दास यादव, दरोगा यादव, बलदाऊ राणा, कैलाश, अमरनाथ यादव, अजय, मनोहर, लक्ष्मण यादव, विक्की यादव, हीरालाल यादव ने किया। संचालन राज कुमार यादव ने किया।