वाराणसी। राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पर शुक्रवार को लघु उद्योग भारती काशी प्रांत के उद्यमियों की बैठक हुई। सहायक आयुक्त हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग के साथ हुई बैठक में बनारसी साड़ी उद्योग से जुड़े उद्यमी मौजूद रहे। सहायक आयुक्त नितेश धवन ने बताया कि बुनकरों की बेहतरी के लिए प्रयास किया जा रहा है। जिसमें वाराणसी में टेक्सटाइल्स पार्क के निर्माण प्रस्तावित है। पार्क के संबंध में रुचि की अभिव्यक्ति आमंत्रित की गई है। जिसकी अंतिम तिथि 20 अगस्त 2020 तक है।
टेक्सटाइल्स पार्क की स्थापना से बनारसी वस्त्र उद्योग के क्षेत्र में रोजगार की संभावनाओं को बढ़ावा मिलेगा। लघु उद्योग भारती संघटन काशी प्रांत के अध्यक्ष राजेश कुमार सिंह बताया की टेक्सटाइल्स पार्क के निर्माण से एक ही स्थान पर सभी पावरलूम, ड्राईंग प्लांट, फिनिशिंग मशीन, प्रिंटिंग सेक्टर, हैंडलूम के उद्योग स्थापित होंगे। बनारसी साड़ी वस्त्र उद्योग से जुड़े बुनकरों व उद्यमियों के लिए यह योजना मिल का पत्थर साबित होगा। लघु उद्योग भारती काशी प्रांत वस्त्र डिवीजन के उपाध्यक्ष अनिल बहल, महामंत्री तपेश रस्तोगी, सचिव मनोज बेरी, ज्योति शंकर मिश्रा, अरुण गुप्ता उपस्थित रहे।
राम लाल सहित बुनकरों को किया सम्मानित
वाराणसी। भारतीय हथकरघा प्रौद्योगिकी संस्थान चौकाघाट स्थित बुनकर सेवा केंद्र में शुक्रवार को राष्ट्रीय हथकरघा दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान मुख्य अतिथि संस्कृत यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. राजाराम शुक्ल, विशिष्ट अतिथि पद्मश्री डॉ. रजनीकांत मिश्रा ने बुनकरों को सम्मानित किया। आईआईएचटी के निदेशक डॉ. थेन्नरेशु व केंद्र के उप निदेशक एसपी ठुबरिकर ने नई योजनाओं की जानकारी दी। बुनकर राम लाल मौर्या को संत कबीर अवॉर्ड दिया गया। इस दौरान मास्टर बुनकर मोहमद स्वालेह अंसारी, अमरेश कुशवाहा, बदरुद्दीन , मुस्तफा, विजय कुमार आदि मौजूद रहे।