वहां से ट्रक पर बैठकर मोहनसराय तक आया फिर पैदल ही वह सोमवार को लहरतारा में आकर अपने भाई को फोन कर अपने आने की सूचना दी। उसने बाइक लेकर आने को कहा, लेकिन भाई ने बिना जांच के घर ले आने से मना कर दिया।
थक हारकर अपनी जांच करवाने के लिए 100 नंबर पर डायल किया। मंडुवाडीह की पीआरबी वैन पहुच गई। पीआरबी में तैनात पुलिस ने एंबुलेंस बुलाने के लिए 108 नंबर डायल किया। लेकिन काफी समय बीत जाने के बावजूद भी एंबुलेंस नहीं आई तो उसको आसपास के लोगों ने बिस्किट और पानी देकर दीनदयाल उपाध्याय चिकित्सालय जाने की सलाह दी। चंद्रशेखर पैदल ही अस्पताल के लिए चल गया।