बीएचयू की सेंट्रल एडमिशन कमेटी (सीएसी) ने अपने कंबाइंड एडमिशन प्रोग्राम (सीएपी) जारी करके ये भी स्पष्ट कर दिया है, उन कोर्स में मिड इंट्री रजिस्ट्रेशन नहीं होंगे, जिनमें जीडीपीआई (ग्रुप डिस्कसन और पर्सनल इंटरव्यू), प्रैक्टिकल टेस्ट और फिटनेस टेस्ट शामिल होगा। खेल काेटे के तहत भी आवेदन किए गए अभ्यर्थियों को मिड इंट्री रजिस्ट्रेशन में मौका नहीं मिलेगा।
पीजी के मिड एंट्री रजिस्ट्रेशन में सीटों का आवंटन तभी होगा, जब तक कि पहले चरण में रजिस्टर्ड अभ्यर्थियों का दाखिला पूरा न हो जाए। वहीं सीएसी की ओर से ये भी बताया गया है कि मिड एंट्री रजिस्ट्रेशन पीजी सीट मिलने की गारंटी नहीं देता है। सीटों की उपलब्धता पात्रता और मानदंड नियमों के अनुसार ही होगा।
चारों राउंड में प्रवेश नहीं तो स्पॉट राउंड का मौका
पीजी में अब तक दो राउंड की काउंसिलिंग के तहत दो मेरिट लिस्ट जारी की जा चुकी है। अब 29 जुलाई को तीसरे और एक अगस्त को चौथे राउंड की काउंसिलिंग कराई जाएगी। इसके बाद भी यदि कोई अभ्यर्थी बचा रह जाएगा तो उसके लिए स्पॉट राउंड होगा।
एक अगस्त के बाद यदि कुछ सीटें खाली रह गई तो बीएचयू स्पॉट राउंड में भी दाखिला लेगा। इसके लिए 500 रुपया अतिरिक्त भुगतान करना होगा। इसके दो चरण होंगे। एक स्पॉट राउंड रजिस्ट्रेशन और दूसरा स्पॉट राउंड सीट आवंटन।
अपग्रेड के बाद बची सीटों पर ही होगा स्पॉट राउंड
स्पॉट राउंड प्रक्रिया में भी मिड इंट्री रजिस्ट्रेशन वाला नियम लागू रहेगा। जैसे कि व्यवहारिक कोर्स के आवेदकों को स्पॉट राउंड शामिल नहीं किया जाएगा। वहीं स्पॉट राउंड की घोषणा से पहले प्रवेश प्राप्त उम्मीदवारों को अपने पसंदीदा कोर्स में अपग्रेड करने का भी मौका मिलेगा। दरअसल अपग्रेड करने के बाद जितनी सीटें बचेंगी, उतने पर ही स्पॉट राउंड में सीटों का आवंटन होगा।