एनॉटमी विभाग की प्रोफेसर रोयाना सिंह की अध्यक्षता वाली नाै सदस्यीय टीम ने प्रकरण में दोनों पक्षों को सुनने के बाद 7 और 11 जुलाई 2025 को बैठक की। प्रो रोयाना ने बताया कि मामले की रिपोर्ट कुलपति को भेजी गई है। अब कुलपति स्तर से अंतिम फैसला लिया जाएगा। महिला आयोग को भी रिपोर्ट भेजी गई है।
रिपोर्ट में हैं चौंकाने वाली कई बातें
तीन पेज की रिपोर्ट में महिला शिकायत प्रकोष्ठ ने कहा कि घटना के समय महिला प्रोफेसर ट्रॉमा सेंटर परिसर के कैंटीन के पास मौजूद नहीं थीं। उनकी ड्यूटी डेंटल फैकल्टी के ऑपरेशन थियेटर में थी लेकिन वहां उनकी उपस्थिति नहीं दिखी। सर्जरी विभाग के प्रोफेसर ने विवि प्रशासन से जो शिकायत की थी उसमें अपनी पत्नी के साथ किसी अप्रिय घटना का उल्लेख नहीं किया था।
महिला प्रोफेसर ने पुलिस की रिपोर्ट पर उठाए सवाल, शिकायत
एनीस्थीसिया विभाग की महिला प्रोफेसर ने दो दिन पहले डीसीपी काशी की ओर से एक्स हैंडल पर जारी जांच रिपोर्ट पर सवाल खड़े किए हैं। इसकी शिकायत उन्होंने डीजीपी समेत अन्य लोगों से की है। इसमें कहा है कि कई बार अनुरोध करने के बाद भी उनका बयान मजिस्ट्रेट के सामने नहीं लिया गया और फाइनल रिपोर्ट लगा दी गई। उन्होंने पुलिस के उच्चाधिकारियों से फाइनल रिपोर्ट को निरस्त कर मजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज करवाने की मांग की है।
यह भी पढ़ें- ट्रामा सेंटर प्रभारी पर छेड़खानी के आरोप की जांच पूरी, महिला प्रोफेसर के आरोप को पुलिस ने बताया झूठा