बीएचयू के आचार्य नरेंद्र देव हॉस्टल में जांच करती पुलिस।
बीएचयू के आचार्य नरेंद्र देव हॉस्टल में पुलिस ने शुक्रवार को छापा मारकर आठ पेट्रोल बम बरामद किए। कमरे से लोहे की रॉड, शराब की बोतलें, बीयर के केन और सिगरेट भी मिले हैं। आशंका है कि कैंपस में किसी बड़े हमले की साजिश थी जिसमें छात्रों के साथ ही कुछ बाहरी अराजक तत्व भी शामिल हैं। फिलहाल पुलिस ने पेट्रोल बम, रॉड समेत आपत्तिजनक चीजें अपने कब्जे में ले ली है। पेट्रोल बम मिलने के मामले में पुलिस ने राहुल सिंह और रितुराज के खिलाफ विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि छात्रों की परिसर में दहशत फैलाने की साजिश थी। उधर, हॉस्टल में पेट्रोल बम मिलने से पूरे कैंपस में सनसनी फैल गई है।
सामाजिक विज्ञान संकाय के आचार्य नरेंद्र देव हॉस्टल के सात कमरे कुछ दिन पहले ही हॉस्टल के छात्रों की शिकायत पर सील किए गए थे। कमरा नंबर 27 में हॉस्टल के ही एक अन्य छात्र का कुछ सामान उसमें रह गया था। उसने वार्डन और डीन से अपना सामान निकालने की बात कही। शुक्रवार को वार्डन और प्रॉक्टोरियल बोर्ड की टीम की मौजूदगी में कमरा नंबर 27 खोला गया। जब कमरे की तलाशी ली जाने लगी, एक बैग में रखे आठ पेट्रोल बम मिले। कमरे से लोहे की रॉड समेत शराब की कई बोतलें, गांजा, हुक्का, बीयर के केन और सिगरेट भी मिले।
इसकी सूचना फौरन पुलिस को दी गई। भेलूपुर सीओ राजेश श्रीवास्तव लंका थाने की पुलिस के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे। बम निरोधक दस्ते को भी बुलाया गया। दस्ते ने पेट्रोल बम डिफ्यूज कर दिए। इसके बाद एक-एक कर पहले सील किए गए छह अन्य कमरों की भी तलाशी ली गई। इस दौरान कमरा नंबर 66 से शराब की बोतल व कमरा नंबर 103 से मारपीट में इस्तेमाल किए जाने वाले लोहे के पंच वगैरह मिले जिन्हें पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया। एसओ लंका संजीव कुमार मिश्रा का कहना है कि बीएचयू प्रशासन की तहरीर पर कमरा नंबर 27 में रहने वाले दोनों छात्रों के खिलाफ विस्फोटक अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश की जा रही है।