प्रक्रिया पर सवालों पर देना है जवाब
डायरेक्टर जनरल ऑडिट ने अपने पत्र में इस बात का जिक्र भी किया है कि इसी सेवा के लिए आईएमएस के दूसरे संबद्ध अस्पताल यानी ट्रॉमा सेंटर ने एचआईएमएस के लिए जेम पर टेंडर निकाला है। 6 दिसंबर 2024 को 10 वर्षों के लिए 2.5 करोड़ रुपये के अनुबंध मूल्य (सॉफ्टवेयर, हार्डवेयर और मानव संसाधन सहायता सहित) के साथ अनुबंध प्रदान किया। एचआईएमएस के लिए जो प्रक्रिया अस्पताल में की जा रही है, उस पर भी सवाल पूछा गया है। जिसका जवाब बीएचयू प्रशासन को देना है।
- क्या एचआईएमएस का कार्यान्वयन किसी सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम को किया गया है। यदि अभी तक नहीं किया गया है, तो क्या यह प्रक्रियाधीन है और एचआईएमएस के लिए बजटीय प्रावधान का उल्लेख भी मांगा गया है।
- ट्रॉमा सेंटर द्वारा निष्पादित उसी एचआईएमएस के लिए और उसी वित्तीय वर्ष 2024-25 में जेम पर टेंडर क्यों नहीं जारी किया गया।
सरसुंदर लाल अस्पताल में एचआईएमएस सुविधा पर ऑडिट की ओर से क्या और क्यों आपत्ति की गई है। इस बारे में मुझे कोई जानकारी नहीं है। एचआईएमएस की प्रक्रिया में नियमों का पूरा पालन किया जा रहा है। मंत्रालय की ओर से ही 16 करोड़ रुपये से पूरी प्रक्रिया करने की जानकारी आईएमएस को मिली है। - प्रो. एसएन संखवार, निदेशक, आईएमएस बीएचयू