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BHU के गोल्ड मेडलिस्ट की लिस्ट जारी: दीक्षांत समारोह में भद्रा प्रिया और सुश्री को मिलेगा चांसलर मेडल

Fri, 15 Dec 2023 10:56 AM IST
प्रगति चंद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

बीएचयू का दीक्षांत समारोह 16 दिसंबर को होगा। इससे पहले ही कुलपति प्रो. सुधीर कुमार जैन ने बृहस्पतिवार को केंद्रीय कार्यालय में पत्रकारों से बात की और मेधावियों के
नाम का एलान किया।
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बीएचयू की इन छात्रों को मिलेगा मेडल - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बीएचयू के 103वें दीक्षांत समारोह में 27 मेधावियों को 31 गोल्ड मेडल दिए जाएंगे। पीजी में भद्रा प्रिया और यूजी स्तर पर सुश्री को चांसलर मेडल से नवाजा जाएगा। दोनों मेधावी संगीत एवं मंच कला संकाय की हैं। पदक हासिल करने के मामले में बेटियों ने बाजी मारी है। पदक सूची में 19 छात्रा और आठ छात्रों के नाम हैं। विश्वविद्यालय स्तर पर सर्वोच्च अंक भी छात्राओं को मिला है।

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बीएचयू का दीक्षांत समारोह 16 दिसंबर को होगा। इससे पहले ही कुलपति प्रो. सुधीर कुमार जैन ने बृहस्पतिवार को केंद्रीय कार्यालय में पत्रकारों से बात की और मेधावियों के नाम का एलान किया। कुलपति ने बताया कि दीक्षांत समारोह स्वतंत्रता भवन होगा। भारत सरकार के वैज्ञानिक सलाहकार और प्रधानमंत्री वैज्ञानिक सलाहकार परिषद के अध्यक्ष प्रो. अजय कुमार सूद मुख्य अतिथि होंगे। 

समारोह में 14,600 विद्यार्थियों को उपाधि दी जाएगी। इसमें यूजी की 7,693, पीजी की 5,760, पीएचडी की 986, एमफिल की 29 और डीलिट की तीन उपाधि शामिल है। कुलपति ने कहा कि छात्रों के लिए दीक्षांत समारोह सबसे बड़ा उत्सव होता है। इसमें वह परिवारजनों के साथ शामिल होकर संस्था के प्रति अपने भावों को व्यक्त करते हैं। इसकी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।
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छात्र सुविधाओं में बढ़ोतरी, पारदर्शी हुई व्यवस्था
कुलपति ने कहा कि छात्र सुविधाओं में बढ़ोतरी हो रही है। व्यवस्थाओं को पारदर्शी बनाया जा रहा है। छात्रों के लिए शोध की विशेष फेलोशिप, खेलकूद के लिए हॉस्टल में अतिरिक्त फंड, शारीरिक शिक्षा के 20 छात्रों को सर्वपल्ली राधाकृष्णन फेलोशिप दी जा रही है। लीडरशिप प्रोग्राम, योग की विशेष कार्यशाला भी कराई जा रही है। केंद्रीय कार्यालय तक किसी को न आना पड़े, इसके लिए संकाय और विभाग स्तर पर ही समस्याओं का समाधान कराया जा रहा है। शिक्षकों के लिए अलग से ग्रीवांस सेल, रिसर्च, शैक्षिक यात्रा के लिए एक लाख सालाना फंड, 1.20 लाख का प्रोफेशनल डेवलपमेंट फंड दिया जा रहा है। देश और विदेश के उत्कृष्ट संस्थान में छह माह रहकर छात्र और शिक्षक शोध और अध्यापन कर सकें, इसके लिए भी विश्वविद्यालय स्तर से पहल की गई है।

इन्हें गोल्ड मेडल

भद्रा प्रिया (मास्टर ऑफ परफॉर्मिंग आर्टस): 3 मेडल: चांसलर मेडल, महाराज विभूति नारायण सिंह गोल्ड मेडल और बीएचयू मेडल।

सुश्री (बैचलर ऑफ परफॉर्मिंग आर्टस) : 3 मेडल: चांसलर मेडल, महाराज विभूति नारायण सिंह गोल्ड मेडल और बीएचयू मेडल।

अमन सिंह : आचार्य

विमलेश कुमार शुक्ला : शास्त्री

दक्षिता : बीएससी

अनुप्रिया यादव: एमएससी बॉटनी

सौरभ शुक्ला: एमएससी एग्रो फाॅरेस्ट्री

अपूर्वा प्रियदर्शिनी: बीएससी कृषि

वंशिका बंसल: एमएससी बायो सांख्यिकी

अनुष्का मौर्य :बीएससी नर्सिंग

सरिता गुप्ता :बीफार्मा आयुर्वेद

आयुषी शर्मा:बीडीएस

महाजन अर्जुन दीपक:एमडीएस

अमन कुमार त्रिवेदी: एमए संस्कृत

श्रेया शुक्ला: बीए संस्कृत

तन्वी बाजपेयी: एमए मनोविज्ञान

अभिनव यादव: बीए ऑनर्स जियोग्राफी

अद्रिका: बीकॉम ऑनर्स

योगिता बजाज: एमकॉम

साक्षी कादियान: एमबीए

पल्लवी दास: बीएड

शिवानी: एमए शिक्षाशास्त्र

जागृति मिश्रा: बीएएलएलबी

मनीषा बटवाल: एलएलएम

चंदन सिंह: बीएफए

सत्यम सिंह: एमएफए

प्रणव कुमार त्रिपाठी: बैचलर ऑफ वेटेनरी साइंस एंड एनिमल हसबैंड्री

भद्रा प्रिया को दूसरी बार मिलेगा चांसलर मेडल
बीएचयू के 103वें दीक्षांत समारोह में 27 मेधावियों को 31 गोल्ड मेडल दिए जाएंगे। पदक हासिल करने वालों में 19 छात्रा और आठ छात्रों के नाम हैं। पीजी में भद्रा प्रिया और यूजी स्तर पर सुश्री को चांसलर मेडल से नवाजा जाएगा। संगीत एवं मंच कला संकाय से एमपीए की छात्रा भद्रा प्रिया को दूसरी बार चांसलर मेडल मिलेगा। केरल निवासी भद्राप्रिया को 2021 में भी चांसलर मेडल मिल चुका है। 16 दिसंबर को आयोजित दीक्षांत समारोह में 14,600 विद्यार्थियों को उपाधि दी जाएगी।

सुश्री ने पापा को समर्पित किया चांसलर मेडल
बीएचयू के संगीत एवं मंच कला संकाय से मास्टर ऑफ परफाॅर्मिंग आर्ट्स (सितार) की शिक्षा ग्रहण कर रहीं सुश्री चांसलर मेडल पाने से खुश हैं। दरभंगा की मूल निवासी सुश्री ने अपना मेडल अपने दिवंगत पिता को समर्पित किया है। अमर उजाला से बातचीत में सुश्री ने कहा कि 2009 में पिताजी के निधन के बाद लगा कि अब आगे की पढ़ाई नहीं हो पाएगी। ऐसे समय में मां ने हिम्मत से काम लेते हुए आगे बढ़ते रहने के लिए प्रेरित किया। बड़े भाई ने मेरी संगीत की शिक्षा के सपने को साकार करने में मेरा पूरा साथ दिया। बड़ी बहन भी समय-समय पर मुझे बेहतर करते रहने के लिए प्रेरित करती रहीं। चांसलर मेडल मिलने पर पूर्व संकाय प्रमुख प्रो. राजेश शाह, डॉ. ज्ञानेश चंद्र पांडेय, प्रो. प्रवीण उद्धव, डॉ. सतीश सहित अन्य शिक्षकों ने सुश्री को बधाई देते हुए संकाय के लिए इसे बड़ी उपलब्धि बताई।

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