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BHU: 112 छात्रों को न मिले दाखिला, इनके नाम हत्या, अश्लीलता, अपहरण, मारपीट के मामले; नौकरी पर भी प्रतिबंध

Sun, 06 Jul 2025 06:10 AM IST
अमन विश्वकर्मा हिमांशु अस्थाना, अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

Varanasi News: काशी हिन्दू विश्वविद्यालय की यह सूची काफी चर्चा का विषय बनी हुई है। आरोप है कि इन लोगों ने पीएम मोदी के कार्यक्रम में भी हंगामा किया था। कोरोना के समय भी कुछ लोगों ने रेमडेसिविर इंजेक्शन भी बेची थी।
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BHU - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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Banaras Hindu University: बीएचयू ने निलंबित और निष्कासित 112 पूर्व छात्रों की सूची जारी कर अधिकारियों को आगाह किया है। कहा है कि इन्हें 2025-26 सत्र के किसी भी कोर्स में दाखिला न मिले। इन लोगों के नाम हत्या, शारीरिक शोषण, महिला अपराध, अश्लील कृत्य, अपहरण, मारपीट के गंभीर मामलों में आए हैं। 

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बीएचयू में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम के दौरान हंगामा करने और काफिले के आगे व्यवधान पैदा करने के मामले में आशुतोष कुमार और अमरेंद्र को निलंबित किया गया। कोविड काल में अवैध तरीके से रेमडेसिविर इंजेक्शन बेचने वाले सुनील कुमार के खिलाफ भी कार्रवाई हुई है।

कुलसचिव कार्यालय शिक्षण की ओर से ऐसा पत्र चार जुलाई 2025 जारी किया गया है। इसमें सबसे ज्यादा 80 छात्र मारपीट और तोड़फोड़ के मामले में आरोपी हैं। सबसे बड़ी कार्रवाई कम्युनिटी सेंटर में एक शादी समारोह में मारपीट करने वाले छात्रों के साथ हुई है। इन सबके प्रवेश रोक लगाई गई है। 

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साथ ही बीएचयू में नौकरी देने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इन चारों में से दो छात्र कला संकाय, एक-एक संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय और सामाजिक विज्ञान संकाय के थे। अवैध रूप से रेमडेसिविर इंजेक्शन बेचने वाले के स्पैनिश विभाग के सुनील कुमार को निलंबित किया गया है। 

प्रो. डीसीआर जायसवाल के साथ मारपीट करने वाले अभिजीत सिंह और ठाकुर जंग विजय सिंह के खिलाफ भी कार्रवाई हुई है। एंबुलेंस ड्राइवर के अपहरण मामले में 4 छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। धरना और प्रदर्शन के मामले में 5 छात्रों पर गाज गिरी है। अश्लील कृत्य और शारीरिक शोषण के 6, प्रॉक्टोरियल बोर्ड की एक घटना में 11 छात्रों पर कार्रवाई की गई है। इसी तरह दूसरे मामलों में भी कार्रवाई हुई है।

चार छात्रों पर हत्या के आरोप, अंग्रेजी विभाग में शोध छात्रा के साथ अश्लीलता
गौरव सिंह की हत्या में चार आरोपियों शास्त्री के विनय कुमार द्विवेदी, एमपीएड के कुमार मंगलम सिंह, एमए संस्कृत के रूपेश तिवारी और एमए फिलॉसफी के आशुतोष त्रिपाठी को प्रवेश देने पर रोक लगाई गई है। विनय द्विवेदी शनिवार को हत्या के दो मामलों में एसटीएफ ने गिरफ्तार भी किया है। 

आशुतोष को काली सूची में डाला गया है। रूपेश को निलंबित, विनय और मंगलम सिंह को दो-दो बार निलंबित किया गया है। शोध छात्रा के साथ अश्लीलता और शोषण करने के आरोप में अंग्रेजी विभाग के पूर्व रिसर्च स्कॉलर के दाखिले पर रोक लगाई गई है।
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इन कार्यालयों को भी भेजी गई प्रतिलिपि
बीएचयू के सभी निदेशकों, डीन, विभागाध्यक्षों, कॉलेज प्राचार्यों और सेंटर व स्कूल के को-ऑर्डिनेटर्स को इस संबंध में पत्र जारी किया गया है। चीफ प्रॉक्टर, छात्र अधिष्ठाता, सेंट्रल एडमिशन कमेटी के चेयरमैन, परीक्षा नियंत्रक, कुलपति के सेक्रेटरी, असिस्टेंट रजिस्ट्रार और रजिस्ट्रार के पीएस को प्रतिलिपि भेजी गई है।
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