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भेल DGM हत्याकांडः कारण बना अबूझ पहेली, हरिश्चंद्र घाट पर हुआ अंतिम संस्कार

Fri, 09 Mar 2018 09:08 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
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डीजीएम का घर - फोटो : अमर उजाला
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नोएडा में बदमाशों की गोली का निशाना बने भेल के डीजीएम वाराणसी निवासी अमित पांडेय (42) का शव शुक्रवार को उनके घर पहुंचते ही परिवारीजनों में कोहराम मच गया।  हरिश्चंद्र घाट पर अमित का अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि उनके पिता रिटायर्ड शिक्षक नर्दमेश्वर पांडेय ने दी।
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रोते-बिलखते परिवारीजनों को ढांढस बंधाने के लिए रिश्तेदारों-परिचितों के साथ ही आसपास के लोग जुटे थे। गमगीन माहौल में कोई कुछ बता पाने की स्थिति में नहीं था। अमित की हत्या क्यों हुई, यह खुद परिवारीजन भी नहीं समझ पा रहे हैं।

अभी होली पर अमित यहां आए थे और तीन दिन पहले यानी चार मार्च को ही नोएडा लौटे थे। बलिया के कैथोलिया सिकंदरपुर के मूल निवासी नर्दमेश्वर पांडेय लंका थाना अंतर्गत नासिरपुर क्षेत्र की कौशलपुरी कॉलोनी में मकान बनवाकर रहते हैं।
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उनके बड़े बेटे अमित भारत हैवी इलेक्ट्रिकल लिमिटेड (भेल) में डीजीएम थे। वह नोएडा के सेक्टर 104 की सफायर द्वितीय सोसायटी में रहते थे। अमित के छोटे भाई सतेंद्र भी दिल्ली में नौकरी करने के कारण उन्हीं के साथ रहते थे। 
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पांच साल पहले हुआ था तलाक

घर पर बाहर लगी भीड़ - फोटो : अमर उजाला
परिवारीजनों के अनुसार बुधवार की शाम करीब सात बजे अमित दिल्ली के लोधी मार्ग स्थित अपनी आफिस से आवास के लिए निकले थे। इसके बाद उनका पता नहीं चला। गुरुवार की शाम उनका शव एक्सप्रेस-वे के किनारे नोएडा के सेक्टर105 स्थित नाले में मिला।

अमित की घड़ी, पर्स और मोबाइल की बरामदगी अब तक नहीं हो पाई है। अमित के माता-पिता के अनुसार वह बेहद सरल स्वभाव के थे और कभी किसी से उनके विवाद जैसी बात भी सामने नहीं आई। पिता ने कहा कि पुलिस निष्पक्ष तरीके से जांच करे और कड़ी से कड़ी कार्रवाई हो।

परिवारीजनों को ढांढस बंधाने बनारस भेल के डीजीएम एचआर संतोष गुप्ता भी पहुंचे थे। परिवारीजनों के मुताबिक अमित की शादी बनारस में ही हुई थी। पांच वर्ष पूर्व अमित और उनकी पत्नी के बीच तलाक हो गया था। उनके कोई संतान नहीं थी। इसके बाद अमित ने शादी नहीं की और अकेले ही रहते थे।

परिवार के लोग और रिश्तेदारों में कुछ का कहना था कि लूट के लिए हत्या की गई तो कुछ का कहना था कि डीजीएम होने के कारण अमित ठेके वगैरह का काम भी देखते थे। आशंका है कि कोई ठेकेदार अमित से नाराज रहा हो और उसी ने हत्या करा दी हो। 
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