वाराणसी। अब ऑक्सीजन की किल्लत बीते दिनों की बात हो जाएगी। बनारस प्राणवायु का हब बनने जा रहा है। बेहद कम समय में जिला प्रशासन के सहयोग से यह कार्य होने जा रहा है। पांडेयपुर स्थित दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल में 120 बेड मरीजों की क्षमता का ऑक्सीजन प्लांट शुरू हो गया। रविवार को रोहनिया के दरेखू में बंद पड़े ऑक्सीजन प्लांट भी चालू हो जाएगा। इस प्लांट के शुरू होने से 500 ऑक्सीजन सिलिंडर की रीफिलिंग आसानी से हो सकेगी। चार मीट्रिक टन क्षमता के इस प्लांट को शुरू कराने में जिला प्रशासन ने काफी तेजी दिखाई। इसके अलावा कबीरचौरा स्थित मंडलीय अस्पताल में 200 बेड क्षमता का ऑक्सीजन प्लांट लगाने की कवायद चल रही है। इंडियन ऑयल ने इसके लिए कदम आगे बढ़ाया है।
रामनगर के लाल बहादुर शास्त्री राजकीय अस्पताल में भी ऑक्सीजन प्लांट लगाने को जिला प्रशासन की टीम निरीक्षण कर चुकी है। जल्द ही दोनों अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित हो जाएगा। ऐसे में इन प्लांट के शुरू होने से कोविड मरीजों को ऑक्सीजन की किल्लत नहीं के बराबर रहेगी। बीएचयू के खेल मैदान में डीआरडीओ की ओर से 1000 बेड के अस्थाई अस्पताल बनाने की तैयारी भी अंतिम चरण में है। यहां भी ऑक्सीजन की भरपूर आपूर्ति होगी।
जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने बताया कि उद्यमी आरके चौधरी व उनके पुत्र गौतम चौधरी की तत्परता से जिला अस्पताल में ऑक्सीजन प्लांट शुरू हो गया। 120 बेड पर ऑक्सीजन की सप्लाई जारी है। दरेखू का प्लांट भी रविवार से शुरू हो जाएगा। यहां 500 ऑक्सीजन सिलिंडर की रीफिलिंग 24 घंटे के अंदर में होगी। इसके अलावा रामनगर राजकीय अस्पताल व कबीरचौरा के मंडलीय अस्पताल में भी ऑक्सीजन प्लांट लगाने की तैयारियां अंतिम चरण में है।