वाराणसी। अपर जिला जज (13) नीरज कुमार बख्शी की अदालत ने फर्जी व कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर भारत में रह रहे बांग्लादेशी नागरिक मोहम्मद बशर की जमानत अर्जी खारिज कर दी। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी ज्योति शंकर उपाध्याय ने प्रभावी पैरवी की।
अभियोजन के अनुसार, रामनगर थाना पुलिस ने पिछले माह बशर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। जांच में सामने आया कि आरोपी नेपाल के रास्ते अवैध रूप से भारत में दाखिल हुआ था। बशर मूल रूप से बांग्लादेश की राजधानी ढाका के साउथ डोनियाकाडोमटोली (डोनिया) इलाके का निवासी है। बताया गया कि वह 20 फरवरी को नेपाल पहुंचा और वहां से सड़क मार्ग के जरिए रक्सौल होते हुए भारत-नेपाल सीमा पार कर देश में प्रवेश किया। अपनी पहचान छिपाने के लिए उसने हैदराबाद में फर्जी नाम व पते पर आधार कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस बनवाया। इतना ही नहीं, कूटनाम के आधार पर बैंक में खाता भी खुलवा लिया था। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जमानत देने से इन्कार कर दिया।