बोले मरीज
सुबह आयुष विंग आने पर गेट नहीं खुला था। 8.45 तक इंतजार करने के बाद जब कोई नहीं आया तो निराश लौट गए। बोर्ड पर लिखे नंबर पर फोन कर जानकारी चाही, लेकिन कुछ पता नहीं चला। - आशुतोष रघुवंशी, गायत्रीनगर
सुबह 8 बजे आयुष विंग आ गए थे। पता चला कि डॉक्टर देर से आएंगे। ताला भी नहीं खुला था कि अंदर बैठ सके। लिहाजा बिना दिखाएं ही घर जाना पड़ा। - संजय, टकटकपुर