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शोध में सकारात्मक परिणाम: भूमि आमला, मुलेठी और तुलसी से बनी औषधि हेपेटाइटिस बी के इलाज में कारगर

Sun, 02 Oct 2022 12:12 AM IST
उत्पल कांत गोपाल पाठक, अमर उजाला, वाराणसी

सार

बीएचयू आयुर्वेद संकाय के काय चिकित्सा विभाग में भूमि आमला, मुलेठी, दारु हल्दी व तुलसी से बनी आयुर्वेदिक दवाई हेपेटाइटिस (बी) के मरीजों के इलाज में कारगर है। इन औषधियों को मिलाकर भूम्यआम्ल्क्यादि घनवटी नाम की दवा बनाई गई है। 
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बीएचयू आयुर्वेद संकाय के काय चिकित्सा विभाग में हुआ
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विस्तार
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बीएचयू आयुर्वेद संकाय के काय चिकित्सा विभाग में भूमि आमला, मुलेठी, दारु हल्दी व तुलसी से बनी आयुर्वेदिक दवाई हेपेटाइटिस (बी) के मरीजों के इलाज में कारगर है। इन औषधियों को मिलाकर भूम्यआम्ल्क्यादि घनवटी नाम की दवा बनाई गई है। 

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शोध में बताया गया कि यह दवा उन मरीजों पर कारगर है जिसके  खून में हेपेटाइटिस बी वायरस (एचबीवी) डीएनए की मात्रा 2000 यूनिट से ज्यादा है। इस दवा से न केवल एचबीवी की मात्रा कम होगी। बल्कि लीवर में होने वाली सूजन, सिकुड़न व कैंसर से भी निजात मिलेगा। 

50 मरीजों पर हुआ परीक्षण
काय चिकित्सा विभाग के प्रोफेसर राजेंद्र प्रसाद के निर्देशन में शोध करने वाली छात्रा डॉ. सृष्टि सिंह ने बताया कि इस दवाई का परीक्षण तीन महीने के लिए एचबीवी पॉजिटिव 50 मरीजों पर किया गया। 45 मरीजों में सकारात्मक परिणाम देखने को मिला। जिस मरीज के खून में एचबीवी डीएनए की मात्रा दो हजार यूनिट से अधिक थी, उनमें मात्रा कम हुई। वहीं, कई मरीजों में दवाई बंद करने पर भी एचबीवी की मात्रा नहीं बढ़ी। यह ऐसी बीमारी है जिसमें मरीज को हमेशा दवा खानी पड़ती है। हर पांचवें व्यक्ति में एचबीवी पॉजिटिव होने की संभावना रहती है।

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हेपेटाइटिस (बी) के लक्षण

हेपेटाइटिस बी
हेपेटाइटिस (बी) का प्रमुख लक्षण पीलिया का बार बार होना है। भूख न लगना, उल्टी, पेट दर्द, लगातार बुखार आना है। इस बीमारी में लीवर को ज्यादा नुकसान होता है। ज्यादा दिन तक एचबीवी का संक्रमण रहने पर लीवर में सूजन, सिकुड़ना व कैंसर भी हो सकता है।  
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प्रो. राजेंद्र प्रसाद (काय चिकित्सा आयुर्वेद संकाय बीएचयू) ने कहा कि  भूम्यआम्ल्क्यादि घनवटी हेपेटाइटिस (बी) की मरीजों के लिए काफी फायदेमंद है। इससे न केवल एचबीवी की मात्रा कम हो रही है बल्कि इससे यकृत की अन्य समस्याओं जैसे कमजोरी, भूख नहीं लगना व पीलिया भी ठीक हो रहा है। यह यकृत में सूजन, सिकुड़न व कैंसर से बचाव करेगा।  
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