छात्र-छात्राओं के साथ एकेटीयू के कुलपति प्रो. जेपी पांडेय।
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वाराणसी के पहड़िया स्थित अशोका इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट में दीक्षांत समारोह में 24 मेधावियों को पदक और 344 को उपाधि दी गई। बतौर मुख्य अतिथि डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (लखनऊ) के कुलपति प्रो. जेपी पांडेय ने कहा कि इंजीनियर डॉक्टर तो सभी संस्थान से निकलते हैं। उद्देश्य यही होना चाहिए कि संस्थान से एक अच्छा इंसान बनकर निकलें।
संस्थान में आठवें दीक्षांत समारोह में कुलपति ने कहा कि डिग्री और प्लेसमेंट मिलने के बाद छात्रों के अंदर स्वार्थ की भावना नहीं होनी चाहिए। दूसरों के लिए अच्छा सोचना, अभिभावक एवं अन्य लोगों का सम्मान करना, सफलता का श्रेय दूसरों को देना, इसी सोच को विकसित करने की जरुरत है।
संस्थान के चेयरमैन इं. अंकित मौर्य ने बताया कि छात्रों के लिए इस साल नया तकनीकी कोर्स बीटेक (एआईएमएल) शुरू किया गया है। वाइस चेयरमैन डॉ. अमित मौर्य ने बताया कि हर साल विश्वविद्यालय के टॉपर्स लिस्ट में संस्थान के विद्यार्थी अपना नाम दर्ज करा रहे हैं। कार्यक्रम में संस्थापक इं. अशोक कुमार मौर्य, डायरेक्टर डॉ. सारिका श्रीवास्तव, डॉ. बृजेश सिंह, रजिस्ट्रार असीम देव, प्रो. सीपी मल्ल आदि लोग मौजूद रहे।
इनको मिला पदक
इस दौरान सिविल से सुमित सिंह, कंप्यूटर साइंस से वैशाली आर्या, इलेक्ट्रिकल से निकिता मौर्या, इलेक्ट्रानिक्स से वैभव श्रीवास्तव, मैकेनिकल से अमरजीत चौहान, बायोटेक से समीक्षा मौर्या, बी. फार्मा से बुशरा ताज और एमबीए में वर्तिका मौर्या को स्वर्ण पदक मिला। साथ ही सिविल से अभिषेक राय, आमोद कुमार, कंप्यूटर साइंस से अभिषेक मौर्या, इलेक्ट्रिकल से आशीष कुमार यादव, इलेक्ट्रानिक्स से आकाश गुप्ता, मैकेनिकल से शशिकांत गुप्ता, बायोटेक से सुधीर मौर्य, बी.फार्म से रिन्नी सिंह, एमबीए में निशा सिंह को रजत पदक दिया गया। इसके अलावा आठ छात्रों को कांस्य पदक भी मिला।