बृजेश ने 15 हजार रुपये देने पर काम होने की बात कही। बातचीत के बाद 10 हजार रुपये देने पर बृजेश ने काम होने की बात कही। इसके बाद कुलदीप एंटी करप्शन की टीम से मिले और शिकायत दर्ज कराए। एंटी करप्शन की टीम ने कुलदीप को शुक्रवार को बुलाकर उनके 10 हजार रुपये की नोट में केमिकल लगाकर दिया।
कुलदीप लेढ़ूपुर स्थित कार्यालय में बृजेश के पास पहुंचे। बृजेश को कुलदीप 10 हजार रुपये दे रहे थे, उसी दौरान एंटी करप्शन की ट्रैप टीम के प्रभारी इंस्पेक्टर मैनेजर सिंह, इंस्पेक्टर नीरज कुमार सिंह और इंस्पेक्टर राकेश बहादुर सिंह की टीम ने उसे पकड़ लिया।