यूपीपीएससी की एलटी ग्रेड परीक्षा-2018 के पेपर लीक मामले में जेल में बंद परीक्षा नियंत्रक अंजूलता कटियार की ओर से विशेष न्यायाधीश (भ्रष्टाचार निवारण) लालचंद्र की अदालत में जमानत अर्जी दाखिल की गई। जमानत अर्जी पर अदालत छह जून को सुनवाई करेगी। इस बीच मामले में शिकायतकर्ता अशोक देव का कलमबंद बयान अपर मुख्य मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम प्रभात कुमार की अदालत में दर्ज किया गया।
परीक्षा के एक दिन पहले 50 छात्रों को हल पेपर देने का खुलासा करते हुए कोलकाता की प्रिंटिंग प्रेस के कर्ताधर्ता कौशिक कुमार को 28 मई को चोलापुर थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया था। कौशिक ने कहा था कि 26 मई को उसने यूपीपीएससी के ऑफिस में पेपर लीक करने के कमीशन के तौर पर अंजू को 10 लाख रुपये दिए थे।
इसके बाद 30 मई को अंजू कटियार को गिरफ्तार किया गया था। अंजू पर आरोप है कि वह पेपर लीक कराने की साजिश में शामिल रहीं और उसी प्रिंटिंग प्रेस को पीसीएस मेंस का पेपर छापने के लिए दिया जो ब्लैकलिस्टेड थी।