रातों-रात गायब हो गए स्कूल में बंद किए गए छुट्टा पशु
प्राथमिक विद्यालय समोदपुर परिसर में तीन दिन से बंद सैकड़ों छुट्टा पशुओं का कोई पता नहीं है। पशु रातों-रात कहां चले गए, इसके बारे में किसी को जानकारी नहीं। सुबह प्रधानाध्यापक सरोज सिंह जब विद्यालय पहुंचे तो गेट का ताला खुला हुआ था और पशु नदारद थे। उन्होंने प्रधान को जानकारी दी, लेकिन प्रधान ने भी पशुओं के बारे में अनभिज्ञता जताई।
छुट्टा पशुओं से परेशान ग्रामीणों ने रविवार को सैकड़ों पशुओं को गांव के प्राथमिक विद्यालय परिसर में बंद कर दिया था। सूचना बीईओ, बीडीओ को दी गई, मगर किसी ने छुट्टा पशुओं को सही जगह पहुंचाने में रुचि नहीं ली। विद्यालय में पशुओं के बंद होने से दो दिनों तक पढ़ाई भी ठप रही।
बुधवार की सुबह प्रधानाध्यापक सरोज सिंह जब विद्यालय पहुंचे तो गेट का ताला खुला था और पुश नदारद थे। उन्होंने सूचना प्रधान को दी। मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। अचानक पशुओं के गायब होने से ग्रामीण भी सकते में थे। प्रधान अनारा देवी का कहना था कि रात में किसी ने गेट का ताला खोल दिया, जिससे पशु आसपास के गांवों की ओर भाग गए। उच्चाधिकारियों को इसकी सूचना दी गई है।