इसी दौरान पुलिस क्षेत्राधिकारी शीतला प्रसाद पांडे मौके पर पहुंचे और उन्होंने शहीद स्थल का हवाला देते हुए विद्युत पोल पर झंडा लगाने से रोक दिया। उनका कहना था कि इस प्रकार के स्थल पर किसी भी प्रकार का झंडा लगाना उचित नहीं है। झंडा लगाने से रोके जाने की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में बसपा कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे।
स्थिति बिगड़ती देख सैकड़ों कार्यकर्ता कोतवाली पहुंच गए, जहां काफी देर तक वार्ता चली लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका। इसके बाद विधायक राजेंद्र कुमार, बसपा जिला अध्यक्ष सहित भीम आर्मी और अन्य संगठनों के पदाधिकारी भी तहसील पहुंच गए। यहां एसडीएम अभिषेक गोस्वामी और सीओ शीतला प्रसाद पांडे के साथ वार्ता हुई।
लंबी बातचीत के बाद इस शर्त पर सहमति बनी कि अंबेडकर जयंती समाप्त होने के बाद झंडा हटा लिया जाएगा। इसके बाद दोपहर करीब 2:30 बजे शहीद चौराहा स्थित विद्युत पोल पर झंडा लगाया गया, जिसके बाद मामला शांत हो गया। सीओ शीतला प्रसाद पांडेय ने बताया कि सुरक्षा और स्थल की गरिमा को देखते हुए पहले झंडा लगाने से रोका गया था, लेकिन वार्ता के बाद सहमति बनने पर अनुमति दे दी गई।