विष्णु दयाल दुबे ने अपने जीवित होने के प्रमाण के तौर पर जिला अस्पताल बलिया में 11 अप्रैल 2025 को हुए इलाज की पर्ची और 28 मार्च 2025 को बैंक से 1,300 रुपये निकालने संबंधी दस्तावेज भी प्रस्तुत किए। समाज कल्याण विभाग से मिले 19 नवंबर 2024 के दस्तावेज में सत्यापन के दौरान लाभार्थी को मृत पाए जाने का उल्लेख होने की बात भी प्रार्थना पत्र में कही गई है।
पीड़ित के मुताबिक, उन्होंने पहले पुलिस अधिकारियों से भी शिकायत की थी। क्षेत्राधिकारी और तत्कालीन थानाध्यक्ष स्तर से जांच के बाद उन्हें न्यायालय से आदेश लाने की बात कही गई। इसके बाद उन्होंने पुलिस अधीक्षक को भी रजिस्टर्ड डाक से शिकायत भेजी, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर न्यायालय की शरण ली।
न्यायालय के आदेश पर जांच शुरू
न्यायालय में दिए गए प्रार्थना पत्र के आधार पर हल्दी थाने में संबंधित लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किया गई है। प्राथमिकी में तत्कालीन खंड विकास अधिकारी और तत्कालीन सचिव प्रमोद कुमार पांडेय का उल्लेख है। पीड़ित ने अन्य संबंधित लोगों पर भी साजिश कर उन्हें गलत तरीके से मृत घोषित कराने का आरोप लगाया है। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू कर दी है। जांच में आरोपों की वास्तविकता और अभिलेखों में बुजुर्ग को मृत दर्ज किए जाने की प्रक्रिया की पड़ताल की जाएगी।
न्यायालय के आदेश पर तत्कालीन बीडीओ व सचिव पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जा रही है। जांच में जो भी साक्ष्य मिलेंगे , उसके अनुसार रिपोर्ट लगाई जाएगी। - राजू राय, थानाध्यक्ष हल्दी