उन्होंने कहा कि यहां पर स्वास्थ विभाग की टीम पूरी तरह से अलर्ट है। इस वायरस का असर चीन में सबसे ज्यादा है। इसको लेकर चीन से आने वाले यात्रियों पर विशेष फोकस किया जा रहा है। अगर किसी भी यात्री या क्रू मेंबर में कोई भी लक्षण पाए जाते हैं, तो उनको तुरंत आइसोलेट करके ट्रीटमेंट किया जाएगा और कोशिश की जाएगी कि वह किसी और के संपर्क में ना आए। साथ ही प्रभारी चिकित्सा अधिकारी ने भी आश्वासन दिया कि अगर लेबोरेटरी टेस्ट में कोई व्यक्ति कोरोना वायरस से ग्रषित पाया जाता है तो इसका इलाज है।
उन्होंने आश्वस्त करते हुए कहा कि अगर प्रारंभिक स्तर पर ही यह पता चल जाता है तो दिक्कत की कोई बात नहीं है। इसका सौ प्रतिशत इलाज है। उन्होंने कहा कि समय रहते इसका इलाज हो जाने से कोई परेशानी नहीं होगी। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग पूरी तरीके से मुस्तैद है।