वाराणसी। डीएम योगेश्वर राम मिश्र ने राजस्व वादों के निस्तारण में फिसड्डी रहने वाले तहसीलदार न्यायिक पिंडरा को कड़ी चेतावनी दी है। साथ ही सहायक निबंधक स्टांप को स्टांप वसूली में लक्ष्य के सापेक्ष वसूली न होने पर कार्यशैली बदलने तथा लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति के लिए कड़ी चेतावनी दी। डीएम ने पांच वर्ष से ज्यादा समय से लंबित राजस्व वादों को प्राथमिकता पर निस्तारण करने को कहा।
डीएम योगेश्वर राम मिश्र बुधवार को रायफल क्लब सभागार में राजस्व कार्यों के प्रगति की समीक्षा कर रहे थे। आडिट आपत्ति के 375 प्रकरण लंबित होने पर नाराजगी जताते हुए दस दिनों के अंदर निस्तारण करने का निर्देश दिया। मत्स्य पालकों के लिए तालाबों का पट्टा आवंटन 31 जनवरी तक करने को कहा। एंटी भू-माफिया में पोर्टल पर फीडिंग कार्य इसी माह पूरा करने को कहा। परिवहन विभाग के अधिकारी को ट्रकों के ओवरलोडिंग एवं अवैध वसूली की शिकायत पर एक्शन मोड में आने के साथ ही आरटीओ दफ्तर को दलालों से मुक्त कराने का निर्देश दिया। बैठक में एडीएम प्रशासन एमएन उपाध्याय, एडीएम वित्त/राजस्व महेंद्र राय, मुख्य राजस्व अधिकारी केएस पांडेय, नगर मजिस्ट्रेट डा. विश्राम सहित उपजिलाधिकारी एवं अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद थे।