बीएड में दाखिले के लिए बुधवार को 52 केंद्रों पर हुई संयुक्त प्रवेश परीक्षा में पेपर आसान रहा, लिहाजा 90 प्रतिशत अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। दो पाली (08 से 11 बजे और दोपहर 01 से 04 बजे तक) में हुई परीक्षा में पंजीकृत 26 हजार अभ्यर्थियों में से 2600 अनुपस्थित रहे। इस बीच प्रवेश पत्र की कॉपी न करा पाने की वजह से कुछ अभ्यर्थी परेशान दिखे।
लखनऊ विश्वविद्यालय की ओर से भेजे गए पर्यवेक्षकों की निगरानी में परीक्षाएं कराई गई जबकि नोडल केंद्र महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ की ओर से कक्ष निरीक्षकों की तैनाती के साथ नोडल अफसर कुलसचिव मानीटरिंग करते रहे।
विषयवार कराई गई परीक्षा को लेकर इस बार अभ्यर्थियों की संख्या अधिक रही, इसकी मुख्य वजह यह कि इस बार स्नातक अंतिम वर्ष में अध्ययनरत विद्यार्थियों को भी आवेदन का मौका मिला था।
काशी विद्यापीठ मुख्य परिसर समेत कुल 52 केंद्रों पर हुई परीक्षा की पहली पाली में 2565 जबकि दूसरी पाली में 2600 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे।
उधर अधिकांश अभ्यर्थी प्रवेश पत्र की एक ही प्रति लेकर पहुंचे थे, जिन्हें फोटोकॉपी कराने के लिए भटकना पड़ा। हालांकि कई प्रवेश पत्र में नाम, जाति, विषय आदि को लेकर त्रुटियां भी रहीं।