वाराणसी। संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय में परीक्षा विभाग के कर्मचारी मनोज शंकर शर्मा को नोटिस दिए जाने के विरोध में कर्मचारियों की हड़ताल छठे दिन बुधवार को भी जारी रही। केंद्रीय कार्यालय के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर कर्मचारियों ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। बुधवार को कर्मचारियों ने कुलपति, कुलसचिव को तो कार्यालय में जाने दिया, लेकिन किसी भी विभाग में कोई कामकाज नहीं हुआ। इस बीच कुलसचिव ने हड़ताल वापस करने की अपील की, लेकिन कर्मचारी सर्शत नोटिस वापस करने की मांग पर अड़े रहे।
विश्वविद्यालय कर्मचारी मनोज शंकर शर्मा को वित्तअधिकारी से दुर्व्यवहार के आरोप में पिछले सप्ताह नोटिस जारी किया गया था। इसके बाद से कर्मचारी हड़ताल पर हैं और नोटिस वापस लेने की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। हड़ताल का असर यह है कि बुधवार को भी केंद्रीय कार्यालय सहित अन्य विभागों में बंद ताले नहीं खुल सके। इस दौरान विभिन्न जगहों से कॉलेजों में प्रवेश, परीक्षा से जुड़ी समस्याओं को लेकर आए लोगों को निराश लौटना पड़ा।
इस बीच छात्रसंघ पदाधिकारियों ने मंगलवार की तरह बुधवार को भी कर्मचारियों की मांगों पर कार्रवाई के लिए कुलाधिपति को पत्र भेजा। बुधवार को कर्मचारी संघ की आमसभा में नोटिस को सशर्त वापस लेने का फैसला हुआ। कर्मचारी संघ अध्यक्ष सुशील कुमार तिवारी ने बताया कि बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय हुआ कि विश्वविद्यालय प्रशासन यह लिखकर दे कि इस नोटिस का सेवा संबंधी वित्तीय, प्रशासनिक, प्रमोशन आदि सुविधाओं पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसके बाद ही हड़ताल खत्म करने पर विचार किया जाएगा।