धर्मसम्राट स्वामी करपात्री महाराज की परंपरा को कायम रखते हुए उनके शिष्य दंडी स्वामी शिवानंद सरस्वती की ओर से शुरू की गई धार्मिक यात्राएं शुरू हो गई हैं। काशी में चारधाम, 84 कोस, वैजनाथ धाम सहित 20 यात्राएं निकाली जाएंगी।
काशी प्रदक्षिणा दर्शन यात्रा समिति के संचालक उमाशंकर गुप्ता ने बताया कि पहली फरवरी को श्रीवेदव्यासेश्वर महादेव यात्रा से शुरुआत है। अब 14 को पंचक्रोशी परिक्रमा यात्रा, 22 अप्रैल को नव दुर्गा व नव गौरी दर्शन-पूजन यात्रा, 26 को सप्त तीर्थ स्नान, ध्यान, दर्शन-पूजन यात्रा निकलेगी। इसी क्रम में 19 व 21 जून को छप्पन विनायक दर्शन-पूजन यात्रा, 25 को श्री काशी विश्वनाथ कलश यात्रा, दो अगस्त श्री केदारेश्वर अंर्तगृही दर्शन पूजन यात्रा, नौ को द्वादश ज्योर्तिलिंग यात्रा निकलेगी। 16 को त्रिशूल यात्रा, 23 को एकादश महारुद्र लिंग दर्शन पूजन यात्रा, 24 बैजनाथ धाम में जलाभिषेक यात्रा, 20 सितंबर द्वादश आदित्य दर्शन यात्रा, चार अक्तृबर को तर्पण यात्रा, 11 को नव दुर्गा व नव गौरी दर्शन यात्रा, 31 अक्तूबर और एक नवंबर को चौरासी कोस परिक्रमा यात्रा, 22 को षोडश (16) विष्णु दर्शन यात्रा, एक दिसंबर को अष्ट प्रधान भैरव दर्शन यात्रा, छह को सप्तर्षि दर्शन यात्रा, 13 को नवग्रह दर्शन पूजन यात्रा, 20 को काशी की चारधाम दर्शन यात्रा निकाली जाएगी।