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सोशल मीडिया की सुनामी से विपक्ष को उखाड़ फेंकें साइबर योद्धा

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वाराणसी। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने काशी में बुधवार को पार्टी के लिए काम कर रहे साइबर योद्धाओं को सोशल मीडिया के जरिए विपक्ष से मुकाबला करने का मंत्र दिया। साफ कहा कि 2014 की जीत के पीछे सोशल मीडिया के योद्धाओं की बड़ी भूमिका थी और मिशन 2019 के लिए यह जिम्मेदारी और ज्यादा बड़ी है। सोशल मीडिया पर भाजपा के पक्ष में सुनामी और आंधी का निर्माण करें, जो विपक्ष को उखाड़ दें। विपक्षी दलों की सरकार के कार्यकाल में हुए कार्यों की तुलना मोदी-योगी के सरकार से करें। इसके लिए डेटा बेस तैयार करने और उसके सही इस्तेमाल की तकनीक भी शाह ने बताई।
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बड़ा लालपुर स्थित दीनदयाल हस्तकला संकुल में शाह ने काशी प्रांत के 15 जिलों के सोशल मीडिया वालंटियर्स मीट में शाह ने सोशल मीडिया के जरिए 2019 की चुनावी रणनीति बताते हुए कहा कि हमारी केंद्र और राज्यों की सरकारों ने जो काम किया है, उसकी समीक्षात्मक रिपोर्ट व्हाट्स एप, फेसबुक और ट्वीटर के जरिए मतदाताओं तक पहुंचाएं। हर बूथ पर स्मार्ट फोन रखने वालों की सूची और सोशल मीडिया पर उनके ग्रुप बनाए जाएं। इस दौरान उन्होंने सपा, बसपा और कांग्रेस पर निशाना साधा। कहा, 55 साल तक खून चूसने वाले हमसे हिसाब मंाग रहे हैं। चार चार पीढि़यों ने सरकार चलाई और राहुल गांधी हमसे सवाल पूछते हैं। सपा-बसपा इकट्ठा होते हैं तो होने दो, आप सोशल मीडिया से उनको जवाब दो।
सोशल मीडिया पर तीन तकनीक के साथ काम करने का सुझाव दिया और कहा डेटा स्टोर करने के बाद उसका विश्लषण कर उसे निचले स्तर तक पहुंचाए। बताएं कि इस सरकार ने जनता के हित में क्या-क्या फैसले लिए हैं और इनसे आम आदमी के जीवन स्तर में कितना प्रभावकारी बदलाव आया है। उन्होंने बूथों पर सोशल मीडिया की क्रिएटिव टोली बनाने और आंकड़ों को रोचक बनाकर सोशल मीडिया के जरिए फैलाने को कहा। उन्होंने कहा कि हर गांव में क्रिएटिव यूथ हैं। उन्हें काम मिलेगा तो विपक्ष को नुकसान होगा। भावनाओं से कविता लिखी जाती है, मगर विजय गाथाओं के लिए पसीना और लहू बहाना पड़ता है। आयोजन के साथ परिश्रम के लिए प्लानिंग करनी पड़ती है।
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वालंटियर से संवाद में विपक्ष के गठबंधन पर कटाक्ष किया और कहा कि कर्नाटक की सरकार बनी तो मंच पर 14 लोग मौजूद थे। अगर बरेली में ममता बनर्जी, काशी में देवगौड़ा और आगरा में कुमारस्वामी रैली करेंगे तो कोई असर नहीं होने वाला है। उन्होंने पूछा कि इन्होंने मंच पर हाथ पकड़ा तो आप लोगों ने क्या किया। शाह ने कहा सोशल मीडिया से लड़ाई को स्फूर्ति करना है। जवाब देने वाला ही लड़ाई जीत सकता है। सोशल मीडिया के जरिए ही असत्य की आंधी को थामना होगा। उन्होंने कहा, 2019 से पहले बुआ-भतीजा इकट्ठा होंगे तो फर्क पड़ेगा। 2014 के लोकसभा चुनाव में 44 फीसदी मतदान हमारे पक्ष में था, इस बार इसे सात फीसदी बढ़ाना है और 51 फीसदी पहुंचाना है। यूपी में 51 फीसदी की लड़ाई के लिए तैयार होना पड़ेगा।
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