वाराणसी। निकाय चुनाव में कांग्रेस ने मेयर पद के लिए अपने पत्ते खोल दिए हैं। कांग्रेस ने शनिवार की देर शाम जारी मेयर प्रत्याशियों की सूची में वाराणसी से शालिनी यादव के नाम पर मुहर लगा दी है। शालिनी यादव राज्य सभा के पूर्व उप सभापति श्यामलाल यादव की छोटी पुत्रवधू हैं। हालांकि पहली सूची के बाद पार्टी में उठे बगावती सुर के चलते पार्षद प्रत्याशियों की घोषणा अब तक नहीं की गई है। नामांकन में महज तीन दिन शेष हैं। ऐसे में संभावित पार्षद प्रत्याशी भी ऊहापोह में हैं और जनसंपर्क से मुंह मोड़ रखा है।
जिला स्तर पर 37 प्रत्याशियों की सूची जारी होने के बाद मचे घमासान के चलते पार्टी फूंक-फूंक कर कदम रख रही है। सूत्रों का कहना है कि पार्षदों की सूची के लिए प्रदेश स्तर पर मंथन जारी है। जिला स्तर से जो सूची भेजी गई है उसमें भी फेरबदल की संभावना जताई जा रही है। जिला चुनाव संचालन समिति ने चार दिन की मशक्कत के बाद मेयर सहित वार्ड प्रत्याशियों की संभावित सूची प्रदेश समिति को भेज दी थी। पूर्व सांसद डॉ. राजेश मिश्र शुक्रवार की देर शाम लखनऊ पहुंचे थे। उसके बाद शनिवार की देर शाम मेयर पद के लिए शालिनी यादव को उम्मीदवार घोषित कर दिया गया।
जिला स्तर पर 37 प्रत्याशियों की सूची 30 अक्तूबर को जारी की गई। इसके जारी होते ही सबसे पहले रामापुरा वार्ड के दावेदार व पुराने कार्यकर्ता प्रमोद वर्मा ने 41 समर्थकों संग पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफ ा दे दिया था। इसे लेकर पार्टी के अंदर घमासान मचा ही था कि बागहाड़ा से घोषित प्रत्याशी ने शपथ पत्र के माध्यम से यह कहकर पार्टी की किरकिरी करा दी कि वह तो समाजवादी पार्टी का सदस्य है। फिलहाल मेयर पद के प्रत्याशी की घोषणा के बाद पार्टी हाईकमान अब पार्षदों की सूची जारी करने पर विचार कर रहा है।