वाराणसी। नगर निगम क्षेत्र के नगवा इलाके में बसी गंगोत्री विहार व महेश नगर कॉलोनियों में रहने वाले आधा से ज्यादा लोग सीवर, पेयजल और सड़क की समस्या से जूझ रहे है। समस्याओं के निस्तारण के लिए कई बार पत्राचार किया गया, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला।
कालोनाइजरों ने 27 साल पहले दोनों कालोनियां बसाईं थी। यहां 250 से ज्यादा मकान हैं। यहां कुछ दूर तक सीवर लाइन बिछाई गई है और पानी की आपूर्ति के लिए महेश नगर ट्यूबवेल व नगवा पार्क में लगे पंप से होता है। इससे आधे लोगों तक ही पानी पहुंचता है। 2016 में बाढ़ आने से क्षतिग्रस्त सड़के अब तक नहीं बनी हैं।
नगवा के पार्षद रवींद्र सिंह ने बताया कि गंगोत्री विहार व महेश नगर की सड़कों को दुरुस्त कराने के लिए कई पत्र दिए गए, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। काफी प्रयास के बाद दोनों कालोनियों में अधूरी सीवर लाइन बिछाई गई। पानी की समस्या के समाधान के लिए नया पंप लगवाने के लिए कई बार मांग की जा चुकी है, लेकिन स्थिति नहीं बदली।
गंगोत्री विहार के उमेश त्रिपाठी ने बताया कि कॉलोनी बने 28 साल हो गए, लेकिन सीवर लाइन नहीं बन सकी। पेयजल की भी समस्या है, इसमें सुधार के लिए काफी प्रयास किए गए, लेकिन नतीजा नहीं निकला। यहीं के राकेश पांडेय ने बताया कि कॉलोनी शहर के बीच में होने के बाद भी सीवर और पेयजल की समस्या से जूझना पड़ रहा है। क्षतिग्रस्त सड़कें तीन साल बाद भी नहीं बनीं। इंदु यादव ने कहा कि पानी की सर्वाधिक समस्या है। सफाई नहीं होने से गंदगी का अंबार लगा रहता है।