वाराणसी। आईएमएस बीएचयू में एम्स जैसी सुविधा उपलब्ध कराने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन ने पहल शुरू कर दी है। कुलपति प्रो. राकेश भटनागर की अध्यक्षता में शुक्रवार को आयोजित कार्यकारिणी परिषद की बैठक में सुविधाओं की बढ़ोत्तरी पर चर्चा की गई। निर्णय लिया गया कि जो भी कमेटियां पहले बनी हैं उनकी एक सब कमेटी सुविधाओं का आंकलन करेगी। इसके लिए कमेटी के सदस्यों को जिम्मेदारी सौंप दी गई हैं। समय-समय पर सुविधाओं का आंकलन करने के बाद कमेटी अपनी रिपोर्ट देगी।
कुलपति आवास पर कार्यकारिणी परिषद की बैठक में अधिकारियों की चयन प्रक्रिया के उपरांत की गई नियुक्तिों पर मुहर लग गई। इसके अलावा शोध, शिक्षण, वित्तीय एवं विकासात्मक बिंदुओं से संबंधित लिए गए महत्वपूर्ण निर्णयों को कार्यकारिणी परिषद ने अनुमोदित किया। जंतु विज्ञान विभाग के प्रो. एसके चौबे के मामले में गठित जांच कमेटी की रिपोर्ट भी रखी गई। सूत्रों की मानें तो कार्यकारिणी परिषद ने मामले में निलंबित चल रहे प्रो. चौबे को चेतावनी जारी करने का निर्णय लिया है।
इसके अलावा अलग-अलग विभागों के दो और शिक्षकों को भी चेतावनी जारी की जाएगी। बैठक में रिसर्च सेंटर रांची के डॉ. एके सिंह, इलाहाबाद विश्वविद्यालय के प्रो. अशीम कुमार मुखर्जी, सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ हरियाणा के प्रो. रामनरेश मिश्रा, बीएचयू के प्रो. बच्चा सिंह एवं आईआईटी बीएचयू के प्रो. आनंद मोहन उपस्थित थे। कुलसचिव डॉ. नीरज त्रिपाठी ने बैठक का समन्वय किया।