वाराणसी। कोलकाता निवासी अशोक देव चौधरी के अनुसार, सपने में काली मां ने सच का साथ देने को कहा और उसकी अंतरात्मा जागी तो उसने एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती परीक्षा का पेपर आउट होने की सूचना पश्चिम बंगाल की सीआईडी को दी। अशोक द्वारा दर्ज कराए गए कलमबंद बयान का विवेचक ने अध्ययन किया तो पुलिस को दिए गए बयान से अलग नहीं मिला। उधर, एसआईटी द्वारा उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष से मांगे गए सवालों का जवाब मंगलवार दोपहर तक मिलने की संभावना जताई गई है। अध्यक्ष के बयान के आधार एसआईटी जांच आगे बढ़ाएगी।
यूपीपीएससी द्वारा जुलाई 2018 में आयोजित एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती परीक्षा के दो विषय के पेपर आउट हो गए थे। यूपी एसटीएफ ने आरोपी कोलकाता निवासी प्रिंटिंग प्रेस मालिक कौशिक कुमार को बीती 28 मई को गिरफ्तार किया था। उसके व्हाट्सऐप चैट और कॉल डिटेल के आधार पर वाराणसी की क्राइम ब्रांच और पुलिस की संयुक्त टीम ने प्रयागराज से 30 मई को परीक्षा नियंत्रक अंजू कटियार को गिरफ्तार किया था। नामजद अन्य सात आरोपी अभी पुलिस की पकड़ में नहीं आए हैं। इस बीच अशोक देव ने अपने बयान मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज कराए।
उधर, अशोक देव ने पुलिस को बताया कि वह कौशिक के प्रिंटिंग प्रेस में काम करता था और उसके विश्वासपात्रों मेे से एक था। जब कौशिक प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने लगा तो उसे अच्छा नहीं लगा। इस पर उसने कौशिक की करतूत कर भंडाफोड़ किया। वहीं, एसआईटी में शामिल पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं। नामजद आरोपियों की तलाश में पुलिस की चार टीमें छापेमारी कर रही हैं। सामने आए तथ्यों और साक्ष्य के आधार पर मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।