कासिमाबाद(गाजीपुर)। थाना क्षेत्र के मुहम्मदपुर कुसुम गांव में एक विवाहिता ने शनिवार की देर रात कमरे की छत में लगी कुंडी के सहारे रस्सी के फंदे से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। रविवार की भोर में कमरे में पहुंची विवाहिता की पुत्री के शोर मचाने पर परिवारीजनों को इस घटना की जानकारी हुई। परिवारीजनों ने इस घटना की सूचना विवाहिता के मायके पक्ष के लोगों और पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
गांव निवासी विजयशंकर राजभर की पत्नी ऊषा राजभर (40) बच्चों और परिवारीजनों के साथ देर शाम भोजन कर अपने कमरे में सोने चली गई। जबकि विवाहिता के ससुराल के लोग और बच्चे आंगन में सो रहे थे। रविवार की भोर में करीब 5 बजे विवाहिता की पुत्री प्रीति जब कमरे गई तो अपनी मां के शव को रस्सी से झूलता देख चीखने-चिल्लाने लगी। आवाज सुनकर बाहर सोए परिवार के लोग कमरे में पहुंच गए। रोने-बिलखने की आवाज सुनकर ग्रामीण भी घटना स्थल पर पहुंच गए। इस घटना की जानकारी विवाहिता के मायके और पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ग्रामीणों के मुताबिक विजयशंकर राजभर से ऊषा की शादी करीब 20 वर्ष पूर्व हुई थी। उसके एक पुत्र और दो पुत्री है। बताया गया है कि पति विजयशंकर करीब छह वर्षों से घर से लापता है। इसे लेकर तमाम तरह की चर्चाएं हैं। पुलिस मामले की छानबीन में जुटी हुई है। विवाहिता के पिता रामअवतार राजभर ने पुलिस को तहरीर दिया है कि उसकी पुत्री ने फांसी लगाकर आत्म-हत्या कर ली है। इसमें ससुराल पक्ष के लोगों का कोई दोष नहीं है।