वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार के दौरे में काशी विश्वनाथ कॉरिडोर का पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन देखा। इसके जरिए उन्होंने कॉरिडोर के लिए अब तक कराए गए कामों और अगली कार्ययोजना की भी जानकारी ली। सूत्रों के मुताबिक प्रजेंटेशन देखने के बाद पीएम ने कहा, कार्ययोजना में कॉरिडोर की भव्यता नजर नहीं आ रही है।
कॉरिडोर का नक्शा तैयार रही कंपनी के प्रतिनिधि नहीं होने के कारण प्रधानमंत्री ने जनवरी के प्रथम सप्ताह में स्थानीय अधिकारियों और संबंधित एजेंसियों को अंतिम निर्णय के लिए पीएमओ में बुलाया है। हिदायत दी गई है कि पूरी तैयारी के साथ पहुंचें।
बाबतपुर एयरपोर्ट रवाना होने से पहले हस्तकला संकुल के एक सभागार में प्रधानमंत्री के समक्ष कॉरिडोर के लिए कराए जा रहे ध्वस्तीकरण, मकानों की खरीद सहित अन्य अपडेट के साथ ऑडियो विजुअल प्रजेंटेंशन किया गया। प्रजेंटेशन में पीएम को कॉरिडोर में नए रास्तों का विकास, गंगा घाट से दिखने वाले बाबा के भव्य स्वरूप, श्रद्धालु़ओं के लिए सुविधाओं और अन्य कामों को दिखाया गया था।
निर्माणाधीन परियोजनाओं के लिए दो माह दिए
साढ़े चार साल में हुए विकास कार्य और निर्माणाधीन परियोजनाओं का भी प्रस्तुतीकरण किया गया। इसमें नेशनल हाईवे, ईएसआई अस्पताल सहित कई परियोजनाओं को प्रधानमंत्री ने फरवरी 2019 तक पूरा करने का निर्देश दिया। कहा, पीएमओ निर्माणाधीन परियोजनाओं की सीधी मॉनिटरिंग करेगा।
प्रवासियों को सर्दी से बचाने के खास प्रबंध हों
प्रवासी भारतीय सम्मेलन की तैयारियां दिखाने के लिए प्रधानमंत्री के लिए टेंट सिटी के सामने हेलीपैड ऐढ़े में बनाया गया था। हेलीकाप्टर लैंड और टेक ऑफ करने के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्हें टेंट सिटी की व्यवस्थाओं से अवगत कराया। इसके बाद प्रस्तुतीकरण के दौरान पीएम ने सुरक्षा, यातायात, साफ-सफाई पर ध्यान देने का निर्देश दिया। कहा, आयोजन सर्दी में है। मेहमानों को ठंड से बचाने की विशेष व्यवस्था की जानी चाहिए।