वाराणसी। दनियालपुर गांव में जुआ खेले जाने की सूचना पर गई पीआरवी के पुलिसकर्मियों पर जुआरियों ने ईंट-पत्थर और डंडे से हमला कर दिया। सूचना पर सारनाथ, कैंट और शिवपुर थाने की पुलिस ने पूर्व पार्षद पति व भाजपा कार्यकर्ता मुन्नू राजभर सहित चार को पकड़ कर थाने ले आई। विरोध में शुक्रवार को भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सारनाथ थाने का घेराव कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि मामले में न्यायोचित कार्रवाई की जाएगी तो लोग शांत हुए। हमले में घायल तीन सिपाहियों की तहरीर पर सारनाथ थाने में सात नामजद और दस अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। भाजपा नेताओं का दबाव बढ़ता देख पुलिस ने मुन्नू और बिरजू को छोड़ कर बाकी दो को जेल भेज दिया।
सारनाथ थाना अंतर्गत दनियालपुर निवासी मुन्नू राजभर के घर के समीप स्थित बगीचे में जुआ खेले जाने की सूचना पर गुरुवार की रात पीआरवी पहुंची थी। पुलिस का वाहन देख जुआ खेल रहे लोगों ने पथराव के साथ ही लाठी-डंडे से सिपाहियों पर हमला कर दिया। हमले में पीआरवी के सिपाही कौशल सिंह, हरिवंश भारती और मदन गोपाल चौरसिया गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल सिपाहियों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने मुन्नू राजभर, बिरजू राजभर, लालता और महाजन राजभर को हिरासत में लिया।
विरोध में भाजपा नेता अवधेश राय के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ता और क्षेत्रीय लोग सारनाथ थाने का घेराव कर प्रदर्शन करते हुए पुलिस और प्रशासन विरोधी नारेबाजी करने लगे। सूचना पाकर एसीएम चतुर्थ नीता यादव और सीओ कैंट डॉ. अनिल कुमार ने कहा कि जांच में जो दोषी पाए जाएंगे सिर्फ उन्हीं को गिरफ्तार किया जाएगा। इसके बाद धरना समाप्त हो गया। धरना देने वालों में भाजपा नेता रविशंकर अग्रहरि, राजेश यादव, सुरेंद्र, संजय सिंह, मंगल कुशवाहा, पूनम पांडेय, राधा देवी सहित कई लोग शामिल थे।