लालानगर/गोपीगंज। वाराणसी-इलाहाबाद हाईवे पर स्थित गोपीगंज में ओवरब्रिज निर्माण की कवायद तेज हो गई है। रविवार को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधिकारियों ने सर्वे कर सड़क क्षेत्र का चिह्नांकन किया और अतिक्रमण की जद में आने वाले मकान, दुकान पर लाल निशान लगाए गए। इससे भवन स्वामियों और दुकानदारों में खलबली मच गई। सड़क के मध्य से दोनों तरफ 14-14 मीटर के दायरे में आने वाले निर्माण ध्वस्त किए जाएंगे। अधिकारियों ने कहा कि 15 दिन के अंदर अवैध निर्माण स्वत: गिरा दें, अन्यथा प्रशासन हटाएगा तो शुल्क भी वसूला जाएगा।
वाराणसी-इलाहाबाद राजमार्ग को सिक्स लेन बनाने का काम तेजी से चल रहा है। इसके तहत गोपीगंज में गेराईं पावर हाउस से झिलिया पुल तक फ्लाईओवर बनाया जाना है। इसके लिए एनएचएआई के प्रोजेक्ट अधिकारी केपी वर्मा ने रविवार को दूसरे अधिकारियों बृजेंद्र शुक्ला और पीएम पंजवानी के साथ सर्वे किया। इस दौरान सड़क के मध्य से दोनों तरफ 14-14 मीटर के दायरे में हुए अतिक्रमण को खाली करने की हिदायत दी गई। साथ ही करीब पांच दर्जन अवैध निर्माण चिह्नित कर भवन स्वामियों को नोटिस थमाया गया। इससे बाजार में खलबली मच गई। इस मौके पर ज्ञानपुर एसडीएम आशीष यादव और पुलिस अधिकारी भी मौजूद थे। अधिकारियों ने अतिक्रमणकारियों को चेतावनी दी कि 15 दिन के अंदर अतिक्रमण खुद हटा लें, अन्यथा पुलिस प्रशासन जेसीबी से हटवाएगा तो शुल्क भी देना पड़ेगा। कहा कि नगर में ओवर ब्रिज निर्माण कार्य शीघ्र ही शुरू होना है। इस दौरान हाईवे के इर्द-गिर्द के दुकानदारों में खलबली मची रही। गौरतलब है कि गोपीगंज नगर में रोडवेज बस स्टैंड से लेकर थाने तक भारी अतिक्रमण है। तोड़फोड़ होगी तो नगर की सैकड़ों की आबादी प्रभावित होगी।