रोहनिया/दानगंज/लोहता। जिले के रोहनिया, चोलापुर और लोहता थाना क्षेत्र में करेंट की चपेट में आने से युवा अधिवक्ता सहित तीन लोगों की मौत हो गई और तीन लोग झुलस गए। सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने तीनों के शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया और झुलसे हुए लोगों को नजदीक के अस्पताल में भर्ती कराया। होली के दिन और एक दिन बाद हुए हादसे ने परिजनों के साथ ही गांव का माहौल भी गमगीन कर दिया है।
रोहनिया थाना अंतर्गत दफ्फलपुर निवासी अधिवक्ता संदर्भ मिश्रा उर्फ आशु (25) के मकान का निर्माण कार्य चल रहा था। उन्हीं के मकान के बगल में पंचायत भवन के छत पर पानी की टंकी रखी है और बगल से हाईटेंशन का तार गुजरा था। शुक्रवार को टंकी की सफाई के लिए पंचायत भवन के छत पर संदर्भ चढ़ रहे थे कि हाईटेंशन तार की चपेट में वह आ गए और उसी पर लटक गए। ग्रामीणों ने बांस से ढकेल कर उन्हें नीचे किया। इसके बाद परिजन उसे निजी अस्पताल ले गए, जहां पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं, ग्रामीणों मे रोष है कि विद्युत विभाग की लापरवाही से मौत हुई है। ग्रामीणों का आरोप था कि हादसे के दौरान रोहनिया विद्युत उपकेंद्र पर फोन किया गया, लेकिन किसी ने कॉल नहीं रिसीव की। उधर, परिजनों ने बताया कि दो भाइयों में छोटे संदर्भ के पिता नरेंद्र मिश्रा सोनभद्र में निजी कंपनी में कार्यरत हैं। मां उर्मिला देवी सहित परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। जानकारी पाकर रोहनिया विधायक सुरेंद्र नारायण सिंह मौके पर पहुंचे और शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया।
लोहता थाना अंतर्गत भिटारी के मड़ई मोहल्ला में गुरुवार को होली के दौरान डीजे की धुन पर नाचने के दौरान श्रवण उर्फ सोनू (27) करेंट की चपेट में आ गया। हादसे में सोनू की मौके पर ही मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि तीन भाई और एक बहन में सबसे छोटा था और चौकाघाट पर कबाड़ की दुकान में काम करता था। उसकी पिता जवाहिर लाल की पहले ही मौत हो चुकी है और मां चिंता देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, मौके पर मौजूद रहे लोगों के अनुसार श्रवण डीजे मशीन में गाना बदलने के दौरान करेंट की चपेट में आया।
चोलापुर थाना क्षेत्र के चौबेपुर खुर्द (मुरेरी) दलित बस्ती को जाने वाले हाईटेंशन तार की चपेट में आने से गुरुवार को राजगीर सुरेंद्र राम के तीन बैटों में से मझले कक्षा सात के छात्र चंदन (15) की मौत हो गई। वहीं, सूरज (22), आकाश (16) और अनुज (13) गंभीर रूप से झुलस गए। स्थानीय लोगों का कहना है कि बिजली विभाग की लापरवाही की वजह से हादसा हुआ है। बिजली की नई लाइन बस्ती में बिछाई जा रही है, तार जमीन पर लटके पड़े हैं और इसी वजह से बच्चे करेंट की चपेट में आ गए।