बीएचयू अस्पताल में एमएस नियुक्ति का मामला गरमाया, राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, शिक्षा मंत्री, ईसी मेंबर से शिकायत
बीएचयू के सर सुंदरलाल अस्पताल में स्थायी एमएस की नियुक्ति का मामला गरमाता जा रहा है। जहां विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से इस पद पर साक्षात्कार की तैयारी चल रही है, वहीं इससे पहले ही पूर्व में एमएस रह चुके डॉ. ओपी उपाध्याय ने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, शिक्षा मंत्री से नियमों की अनदेखी की शिकायत की है। इसकी कॉपी ईसी मेंबर, कुलपति, रेक्टर, कुलसचिव को भी दी गई है।
अस्पताल में एमएस पद को लेकर दीपावली से पहले साक्षात्कार होना है। इधर इसकी जानकारी होने के बाद ही पूर्व एमएस ने मोर्चा खोल दिया है। राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, शिक्षामंत्री आदि को भेजे शिकायत में डॉ. उपाध्याय ने कुलपति पर नियमों की अनदेखी कर एमएस की नियुक्ति का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की माग की है।
उनका कहना है कि इस पद के लिए 10 साल का प्रशासनिक अनुभव होना अनिवार्य है, लेकिन कुलपति द्वारा इस नियम को ताक पर रखकर नियुक्ति की तैयारी की जा रही है। इससे विश्वविद्यालय और अस्पताल की छवि खराब होगी। कहा कि अस्पताल में इस समय भारी भ्रष्टाचार है, यह जानते हुए भी ऐसा करना न्याय संगत नहीं है। इस बारे में पूछे जाने पर डॉ. उपाध्याय ने बताया कि न्याय नहीं मिला तो जरूरत पड़ने पर अपने हक के लिए धरने पर बैठने को भी बाध्य होना पड़ेगा।