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UP: महिला आरक्षण बिल पर क्या बोलीं प्रदेश की शीर्ष महिला नेता, यादव परिवार की दो बहू में बड़ा मतभेद

Tue, 19 Sep 2023 06:44 PM IST
Vikas Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उत्तर प्रदेश

सार

Women Reservation Bill: 27 वर्ष के लंबे इंतजार के बाद आखिर संसद में महिला आरक्षण बिल को पेश किया गया। अब विधानसभा और लोकसभा में महिलाओं की प्रतिनिधित्व करने बाली महिला जनप्रतिनिधियों को अपनी बात रखने का मौका मिलेगा। 
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महिला आरक्षण बिल पर .यूपी की महिला नेताओं की प्रतिक्रिया - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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लोकसभा में मंगलवार को महिला आरक्षण बिल पेश किया गया। संसद के विशेष सत्र के पहले ही दिन मोदी सरकार में विधि एवं न्याय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने इस बिल को पेश किया। इस पर सभी राजनीतिक दलों ने अपनी-अपनी प्रतिक्रिया दी। आइए जानते हैं उत्तर प्रदेश के शीर्ष चार महिला नेताओं ने इस बिल पर क्या कहा...

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मायावती ने की 50 फीसदी महिला आरक्षण की मांग
बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने इस बिल का बिना किसी शर्त के समर्थन करते हुए कहा कि अगर महिलाओं को 50 फीसद आरक्षण दिया जाता है तो हमारी पार्टी इसका भी स्वागत करेगी। उन्होंने महिला आरक्षण में ओबीसी और एससी और एसटी का कोटा अलग से निर्धारित करने की मांग की है। मायावती ने कहा कि महिला आरक्षण बिल को जातिवादी पार्टियां आगे बढ़ते नहीं देखना चाहती हैं। इन वर्गों की महिलाओं को अलग से आरक्षण की व्यवस्था की जानी चाहिए।

अर्पणा बोलीं यह मोदी का मास्टर स्ट्रोक
मुलायम यादव परिवार की बहू अर्पणा यादव ने कहा कि हर महिला इस बिल को लेकर खुश है। यह प्रधानमंत्री मोदी की दूरगामी सोच का प्रतीक है। हर महिला को आरक्षण की जरुरत भी है। फिर वह चाहे किसी भी धर्म और जाति की हो। लोकसभा, विधानसभा और राजनीतिक पार्टियों में महिलाओं को आरक्षण मिलना शुरू हो जाएगा। इससे समाज में उनकी स्थिति बदलेगी। यह मोदी का मास्टर स्ट्रोक है। मैं फिर दोहराती हूं कि मोदी है तो मुमकिन है। 

डिंपल यादव ने सरकार की मंशा पर उठाए सवाल
मैनपुरी से सपा सांसद और मुलायम सिंह परिवार की दूसरी बहू डिंपल यादव ने कहा कि इस बिल का समर्थन करतीं हूं, लेकिन हम चाहते हैं जो आखिरी पंक्ति में खड़ी हुई महिला को भी उसका हक मिलना चाहिए। हम चाहते हैं, इसमें ओबीसी महिलाओं को भी आरक्षण मिले। लेकिन सरकार की मंशा ठीक नहीं है। क्योंकि ये बिल 2024 चुनाव में लागू नहीं हो पाएगा और आने वाले पांच राज्यों के इलेक्शन में भी लागू नहीं हो पाएगा।
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महिलाओं के उत्थान के बिना लोकतंत्र को मजबूत नहीं किया जा सकताः अनुप्रिया पटेल
महिला आरक्षण बिल पर अपना दल सांसद और केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल का कहना है, "...महिलाएं देश की आधी आबादी हैं। महिलाओं के उत्थान के बिना लोकतंत्र को मजबूत नहीं किया जा सकता। यही कारण है कि नई संसद के पहले सत्र में हमने महिला आरक्षण बिल पेश किया।" 

उन्होंने कहा कि नए संसद भवन में आने के बाद हम अपनी संसदीय परंपराओं को आगे बढ़ाएंगे और देश के लोकतंत्र को मजूबत करेंगे। महिलाओं की मजबूती के लिए और महिलाओं के हित में इस बिल को पेश किया गया है।
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