बच्ची को पिता के सुपुर्द करते एसओ मोहम्मद अशरफ।
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वाट्स एप ग्रुप की मदद से एक बच्ची का अपने परिवार से मिलन हो गया। आंशिक विक्षिप्त बच्ची भटककर फतेहपुर चौरासी थाना क्षेत्र के गांव सहदुल्लापुर आ गई थी। बारिश में भीगता देख मंगलवार सुबह ग्राम प्रधान ने पुलिस को जानकारी दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने बच्ची का फोटो वाट्स एप ग्रुप पर वायरल किया तो लखनऊ निवासी एक युवक ने पहचान कर उसके पिता को सूचना दी। बच्ची की तलाश में इधर-उधर भटक रहा पिता थाने पहुंचा। वह बच्ची को पाकर गदगद हो गया। बच्ची को पिता से मिलाने वाले एसओ की कप्तान ने पीठ थपथपाई है।
आसीवन के बारीथाना गांव निवासी नसीर की पुत्री साबरीन (10) आंशिक विक्षिप्त है। सोमवार सुबह दस बजे के करीब वह घर से निकल पड़ी। वह भटककर फतेहपुर चौरासी के सहदुल्लापुर गांव आ गई। बच्ची को घर से लापता देख परिवार के लोग उसकी तलाश में जुट गए। इधर सहदुल्लापुर गांव में बच्ची को भोर पहर गांव के लोगों ने बारिश में भीगते देखा। वह एक छप्पर की आड़ में सहमी सी बैठी थी। सुबह गांव के प्रधान रामकुमार ने एसओ मोहम्मद अशरफ को इसकी जानकारी दी। एसओ फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और बच्ची को थाने ले आए। एसओ ने बच्ची की फोटो वाट्स एप ग्रुपों पर वायरल कर दी। बारीथाना का एक युवक लखनऊ में रहकर नौकरी करता है।
उसने वाट्स एप पर बच्ची की फोटो देखकर पहचान लिया। उसने बच्ची के पिता नसीर को जानकारी दी। नसीर भागकर थाने पहुंचे। बच्ची पिता को देखकर सीने से लिपट गई। नसीर ने पुलिस को पूरी जानकारी देकर लिखापढ़ी के बाद बच्ची को सुपुर्दगी में ले लिया। एसपी नेहा पांडेय ने बच्ची को पिता से मिलाने वाले एसओ मोहम्मद अशरफ को शाबाशी दी है।