काउंटर पर पंजीकरण कराती महिलाएं।
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उत्तर प्रदेश ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत प्रेरणा दिवस पर आधी आबादी को तरक्की की राह दिखाई गई। इस दौरान उन्हें बैठक, बचत, लेनदेन व लेखन जैसे सूत्रों के जरिये सफलता मिलने और आर्थिक स्तर सुधारने की जानकारी दी गई। अपेक्षा से अधिक महिलाओं के पहुंचने से कार्यक्रम स्थल पर कुर्सियां कम पड़ गईं। अतिरिक्त कुर्सियां मंगाकर महिलाओं के बैठने की व्यवस्था की गई।
निराला प्रेक्षागृह में प्रेरणा दिवस का शुभारंभ मुख्य विकास अधिकारी संदीप कौर ने किया। सीडीओ ने कहा कि प्रदेश सरकार सूबे में रहने वाले ग्रामीणों की उन्नति एवं गरीबी उन्मूलन के प्रति वचनबद्ध है।
जमीनी स्तर पर निर्धनों की सशक्त एवं स्थायी संस्था बनाकर ग्रामीण परिवारों को लाभप्रद रोजगार एवं हुनरमंद मजदूरी व रोजगार के अवसर प्राप्त करने में उन्हें समर्थ बनाते हुए गरीबी को कम किया जाएगा, जिससे उनकी आजीविका में लगातार बढ़ोत्तरी होगी।
परियोजना निदेशक (डीआरडीए) रामकृपाल चौधरी ने मिशन के कार्यों पर विस्तार से चर्चा की। बताया कि इसकी सफलता पांच सूत्रों पर निर्भर होगी। यह सूत्र बैठक, बचत, लेन, देन व लेखन हैं। इस दौरान ग्रामीण क्षेत्रों में गठित संस्थाओं से आई महिलाओं ने इतनी शक्ति हमें न दे दाता, मन का विश्वास कमजोर हो न... की प्रस्तुति देकर ईश्वर की प्रार्थना की।