उत्तर प्रदेश के उन्नाव एक दिन पहले सपा की प्रत्याशिता रद्द होने और सपा महिला सभा जिलाध्यक्ष पद से हटाई गई मालती रावत ने जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव न लड़ने का ऐलान करने के साथ ही सपा की प्राथमिक सदस्यता का त्यागपत्र जिलाध्यक्ष को भेज दिया है।
सपा समर्थित बिछिया तृतीय से जिला पंचायत सदस्य चुनी गईं मालती रावत को पार्टी ने जिला पंचायत अध्यक्ष पद का उम्मीदवार बनाया था। 29 जून को नाम वापसी के दिन मालती रावत लखनऊ में भाजपा प्रदेश कार्यालय पहुंच गई थीं।
मालती ने खुद भी भाजपा कार्यालय जाने की बात स्वीकार की थी। जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह यादव ने बुधवार को उन पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप लगाकर जिला पंचायत अध्यक्ष की प्रत्याशिता रद्द करते हुए सपा महिला सभा जिलाध्यक्ष पद से भी हटा दिया था।
गुरुवार को मालती रावत ने जिलाध्यक्ष को भेजे पत्र में कहा कि बिना उनका पक्ष जाने पार्टी हाईकमान का हवाला देते हुए सपा के सभी दायित्वों से मुक्त कर दिया। अध्यक्ष पद की प्रत्याशिता से समर्थन वापस ले लिया।
इसलिए वह सपा की प्राथमिक सदस्यता से त्यागपत्र देकर खुद को पार्टी से अलग कर रही हैं। वह जिला पंचायत अध्यक्ष पद का चुनाव भी नहीं लड़ेंगी। मालती रावत ने कहा कि वह तीसरी बार जिला पंचायत सदस्य हैं। सदस्य होने के नाते जनता की सेवा करती रहेंगी।