बीघापुर। न्यू मां हॉस्पिटल में प्रसव के दौरान प्रसूता बिट्टू की मौत के मामले में आरोपी आशा कार्यकर्ता सुशीला की जमानत अर्जी पर सुनवाई हुई। न्यायाधीश कविता मिश्रा ने अगली सुनवाई के लिए 30 सितंबर की तारीख तय की है।
बिहार थाना के रामपुर खरही गांव निवासी फतेहबहादुर की पत्नी बिट्टू को छह सितंबर को प्रसव पीड़ा हुई थी। आशा कार्यकर्ता सुशीला उसे न्यू मां हॉस्पिटल ले गई थी। प्रसव के बाद बिट्टू की हालत बिगड़ी और उसकी मौत हो गई। फतेहबहादुर ने अस्पताल संचालक दीपक पटेल, सह संचालक शिवेंद्र पटेल और आशा सुशीला के खिलाफ तहरीर दी। पुलिस ने गैर इरादतन हत्या समेत संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की। आशा कार्यकर्ता सुशीला को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।