नवाबगंज (उन्नाव)। पांच दिन पहले हुई फैक्टरी कर्मी की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पत्नी के प्रेमी ने फैक्टरी कर्मी के साढ़ू और उसके दोस्त के साथ मिलकर घटना को अंजाम दिया था। पुलिस ने हत्यारोपी साढ़ू और दोस्त को गिरफ्तार कर लिया है।
अजगैन कोतवाली के कुसुंभी गांव के विमलेश उर्फ गुड्डू (37) की गला घोटकर हत्या की गई थी। 22 दिसंबर को शव माखी थाना क्षेत्र के शारदा नहर के पास पटरी पर मिला था। जांच कर रही पुलिस को विमलेश के गायब मोबाइल की लोकेशन माखी थाना क्षेत्र के बजेहरा गांव निवासी साढ़ू अवधेश के यहां मिली। पुलिस ने अवधेश को उठाकर पूछताछ की तो घटना की पर्त खुलने लगी।
एएसपी दक्षिणी प्रेमचंद्र ने बताया कि विमलेश की पत्नी का मायका माखी थाना क्षेत्र के बजेहरा गांव में है। उसी गांव का अजय विमलेश की पत्नी से प्यार करता था। दोनों फोन पर भी बातें करते थे। शादी के बाद भी संबंध थे। जानकारी होने पर विमलेश विरोध करता था। उसे रास्ते से हटाने के लिए अजय ने साजिश रची। वह लखनऊ के दुबग्गा में किराये का कमरा लेकर रहने लगा। दूसरे कमरे में विमलेश के साले धर्मेंद्र को भी रखा था ताकि किसी को शक न हो।
अजय ने साजिश में विमलेश के माखी के मेथीटीकूर गांव निवासी साढ़ू अवधेश को शामिल किया। अवधेश भी साली को चाहता था। इसके लिए लिए अजय ने उसे 25 हजार रुपये दिए। अवधेश ने 15 हजार रुपये देने का लालच देकर गांव के साथी विशाल को भी शामिल कर लिया। अवधेश ने पुलिस को बताया कि 21 दिसम्बर को विमलेश सोहरामऊ स्थित कंपनी से ड्यूटी से घर जाने के लिए निकला। रास्ते में गौरा-कठेरवा रोड पर अवधेश, अजय और विशाल रास्ते में मिले और शराब पिलाने का लालच देकर साथ ले गए।
अजगैन-मोहान मार्ग पर जंगल में चारों ने शराब पी। विमलेश के नशे में होने पर तीनों ने मफलर से गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद अजय वहां से भाग निकला। अवधेश और विशाल जंगल में रुककर रात होने का इंतजार करते रहे। अंधेरा होने पर दोनों विमलेश का शव बाइक पर लादकर मेथीटीकुर पहुंचे। शारदा नहर पट्टी पर मेहरबान खेड़ा गांव के पास शव फेंककर घर चले गए।
सीओ अरविंद चौरासिया ने बताया कि मुख्य हत्यारोपी की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। घटना में प्रयोग की गई बाइक, मृतक की साइकिल, मफलर बरामद कर लिया है।
हरियाणा में रहता था साढ़ू
आरोपी साढ़ू अवधेश परिवार सहित हरियाणा में रहकर गार्ड की नौकरी करता था। बताया कि एक महीने पहले ही परिवार के साथ गांव लौटा था। अब गांव में ही रहकर चाचा का ट्रक चलाना चाहता था। इसी दौरान उसकी गांव के ही विशाल से दोस्ती हो गई थी। वह उसे अपने साथ ट्रक पर क्लीनर रखना चाहता था, उसी लालच में विशाल उसके साथ लगा रहता था और घटना में भी शामिल हो गया। विशाल की शादी नहीं हुई है। अवधेश के दो बच्चों में एक बेटी और एक बेटा हैं।
हत्या के बाद प्रेमिका से थी फोन पर बात
पुलिस सूत्रों के अनुसार प्रेमी अजय ने विमलेश की हत्या के बाद प्रेमिका से फोन पर बात की थी। इसी कारण उसने पुलिस को घटना की जानकारी नहीं दी और खुलासे का इंतजार करती रही लेकिन खुलासे में पुलिस ने अभी तक उसे दोषी नहीं माना है। चर्चा यह भी है कि उसे पति की मौत का गम नहीं है। वह प्रेमी के साथ ही रहना चाहती है।