फोटो-35 सकहन राजपूतान कंपोजिट स्कूल का निरीक्षण करते बीएसए शैलेष पांडेय। स्रोत: बीएसए
सफीपुर। बीएसए शैलेष कुमार पांडेय के औचक निरीक्षण में सकहन राजपूतान कंपोजिट स्कूल में गंभीर अनियमितताएं मिली हैं। जांच में फरवरी की सत्र परीक्षा न कराने और सीधे वार्षिक परीक्षा लेने का खुलासा हुआ। उत्तर पुस्तिकाओं पर शिक्षकों के हस्ताक्षर भी नहीं मिले।
शनिवार सुबह 7:32 बजे बीएसए के पहुंचने पर स्कूल के कक्ष और शौचालय बंद मिले। केवल शिक्षामित्र जितेंद्र कुशवाहा और अनीता सिंह ही उपस्थित थे। अन्य शिक्षक 7:40 बजे बच्चों की प्रार्थना के बाद स्कूल पहुंचे। शिक्षामित्रों ने सहायक शिक्षकों कीर्ति द्विवेदी, मीना अग्रवाल, श्वेता गुप्ता और शिवानी को जनगणना प्रशिक्षण में बताया। हालांकि उपस्थित पंजिका में इसका अंकन नहीं था।
सत्र 2025-26 में खर्च धनराशि के बिल वाउचर, पीएफएमएस लेजर और आय-व्यय पंजिका इंचार्ज शिक्षक विनय कुमार ने प्रस्तुत नहीं किए। खेल सामग्री विद्यालय में होने के बावजूद उसकी स्टॉक पंजिका नहीं दिखाई गई। खरीदे गए फर्नीचर और अलमारी के बिल वाउचर भी अनुपलब्ध पाए गए। इन सभी गंभीर अनियमितताओं पर पूरे स्टाफ को नोटिस जारी किया गया है। उन्हें तीन दिन के भीतर साक्ष्ययुक्त जवाब प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।
इंचार्ज शिक्षक ने लिखित में पांच क्विंटल गेहूं और पांच क्विंटल चावल उपलब्ध होने की जानकारी दी लेकिन मार्च 2026 के अंत में अंतिम अवशेष चावल 936 किलो और गेहूं 437 किलो दिखाया था। वर्तमान माह के रजिस्टर में दर्ज छात्रों की संख्या के आधार पर खाद्यान्न व्यय का मिलान नहीं हो सका।
बीएसए ने इन कमियों को बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताया है। उन्होंने कहा कि इंचार्ज शिक्षक सहित अन्य स्टाफ को जवाब देना होगा। पाई गई अनियमितताओं पर विभाग द्वारा सख्त कार्रवाई की जाएगी।