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Unnao News: जन औषधि केंद्र में बिक रही थीं पेटेंट दवाएं, एक लाख की दवाएं सील

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फोटो-19-सस्ती जेनरिक के बजाए महंगी पेटेंट दवाएं दिए जाने की जानकारी देता पीड़ित। स्रोत: वीडियो
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उन्नाव। जिला अस्पताल स्थित प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्र में महंगी पेटेंट दवाएं बेची जा रही थीं। इसका खुलासा एक मरीज की शिकायत पर सीएमओ और एसीएमओ की ओर से की गई जांच में हुआ। करीब एक लाख की दवाएं सील कर दी गई हैं। केंद्र संचालक का लाइसेंस निरस्त करने के लिए सीएमओ ने उच्चाधिकारियों को पत्र भेजा है।
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जन औषधि केंद्र में सस्ती जेनरिक दवाएं बेचने की अनुमति होती है। शनिवार को जिला अस्पताल में डॉक्टर को दिखाने आए मरीज को डॉक्टर ने जन औषधि केंद्र में मिलने वाली दवा लिखी थी। वह कमरा नंबर 17 में संचालित जन औषधि केंद्र पहुंचा तो वहां दवा दे रहे फार्मासिस्ट ने जेनरिक की बजाय 470 रुपये की तीन पेटेंट दवाएं दीं। मरीज ने जन औषधि केंद्र को इसका ऑनलाइन भुगतान किया। इसके बाद उसने सीएमओ से शिकायत की। सीएमओ डॉ. सत्यप्रकाश सुबह करीब 11 बजे एसीएमओ डॉ. नरेंद्र कुमार के साथ जिला अस्पताल के जन औषधि केंद्र पहुंचे और जांच की तो काउंटर के नीचे जेनरिक दवाओं के गत्तों में छिपाकर रखी गईं भारी मात्रा में पेटेंट दवाएं मिलीं।

सीएमओ ने दवाओं को सील कराकर सीएमएस डॉ. संजीव कुमार के सुपुर्द किया। सीएमओ ने बताया कि केंद्र संचालक के खिलाफ पहले भी ऐसी शिकायतें मिली थीं। जांच के दौरान दवाएं छिपा देने से केंद्र से बिक्री के लिए प्रतिबंधित दवाएं नहीं मिल सकीं। बताया कि विभिन्न कंपनियों की जो पेटेंट दवाएं मिलीं हैं उनमें एंटीबायोटिक, सिरप और कई तरह के रोगों में उपयोग होने वाली टैबलेट हैं। बताया कि जन औषधि केंद्र का टेंडर निरस्त करने के लिए उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी गई है। चर्चा है कि केंद्र संचालक का शहर में एक मेडिकल स्टोर भी है, वहीं से लाकर पेटेंट दवाएं मरीजों को बेची जा रही थीं।
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केंद्र संचालक ने फार्मासिस्ट पर फोड़ा ठीकरा

केंद्र संचालक अमित कुमार ने बताया कि उनकी पीहू मेडिकल स्टोर के नाम से फर्म है और वह कई जिलों में जन औषधि केंद्र संचालित कर रहे हैं। बताया कि जिला अस्पताल के केंद्र में दवाओं की बिक्री के लिए प्रदीप नाम के फार्मासिस्ट को रखा है। वह मेडिकल स्टोर संचालकों से सांठगांठ कर केंद्र से चोरी छिपे पेटेंट दवाएं बेच रहा था। जानकारी होने पर उसे हटाकर औषधि केंद्र बंद कर दिया है।

फोटो-19-सस्ती जेनरिक के बजाए महंगी पेटेंट दवाएं दिए जाने की जानकारी देता पीड़ित। स्रोत: वीडियो

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