पुस्तक मेला आयोजित करने के पीछे भारतीय संस्कृति को
उजागर करने व वेद-पुराण और उपनिषदों से लोगों के जीवन को संवारने का
प्रयास होगा। विराट पुस्तक मेले का आयोजन आगामी 17 से 25 दिसंबर तक रहेगा।
इसमें 1200 प्रकार की पुस्तकों को शामिल किया जा रहा है।
इनमें 70 से अधिक
महापुरुषों की जीवनी के अलावा विभिन्न प्रकार के साहित्य शामिल होंगे। यह
जानकारी विराट पुस्तक मेले के संयोजक सुरेश कुमार मिश्र ने दी।
कालेज
रोड स्थित गायत्री शक्तिपीठ में सोमवार को पत्रकारों से बातचीत में
उन्होंने बताया कि मेले में व्यक्ति निर्माण, परिवार निर्माण, समाज
निर्माण, स्वास्थ्य व वनौषधि, शिक्षा व स्वावलंबन, व्यसनमुक्ति, पर्यावरण,
आध्यात्म का वैज्ञानिक प्रतिपादन, आत्मचिंतन, गीत-संगीत, नारी जागरण,
भारतीय संस्कृति के अलावा महापुरुषों के जीवन के विषय में अधिक से अधिक
जानकारी देने वाली पुस्तकों को शामिल किया गया है।
बताया कि युग साहित्य
विस्तार वर्ष 2015 के समापन अवसर पर आयोजित हो रहे इस मेले में दो सौ रुपये
से अधिक का साहित्य लेने वालों को 20 प्रतिशत की नकद छूट दी जाएगी। इस
मौके पर श्यामा चरण त्रिवेदी, रामगोपाल बाजपेई, सत्येंद्र नाथ गुप्ता,
सिद्धनाथ श्रीवास्तव आदि उपस्थित रहे।