उन्नाव। हीट स्ट्रोक से मौत में लगातार इजाफा हो रहा है। शुक्रवार को चिलचिलाती धूप में घर से बाहर निकली दो महिलाएं हीट स्ट्रोक की चपेट में आकर जान गवां बैठीं। इसी तरह डीसीएम लेकर जा रहे एक चालक की भी लू लगने से मौत हो गई। एक सप्ताह में ग्राम प्रधान समेत छह लोग इसका शिकार हो चुके हैं। जिला अस्पताल में मरीजों की संख्या दिन पर दिन बढ़ती जा रही है। कभी-कभार बेड फुल होने से डॉक्टर मरीजों को रेफर करने को मजबूर हो जाते हैं। सीएमएस ने एक्स्ट्रा बेड डलवाकर मरीजों को हर संभव इलाज के निर्देश डॉक्टरों को दिए हैं।
गंगाघाट थाना क्षेत्र के पोनी रोड निवासी संतोष कुमार की पत्नी सुधा चौधरी (50) शुक्रवार दोपहर घरेलू सामान की खरीददारी करने अपने पौत्र के साथ सदर बाजार गई थी। दोपहर तीन बजे घर पहुंची और अचानक चक्कर आने से गिर गईं। परिवारीजनों ने लिटाया। लगभग आधे घंटे तक होश में न आने पर परिजन उन्हें जिला अस्पताल ले गए। डॉक्टरों ने हीट स्ट्रोक की बात कह सुधा को भर्ती कर लिया। लगभग तीन घंटे चले इलाज के बाद सुधा की मौत हो गई।
सदर कोतवाली क्षेत्र के मगरवारा निवासी वेद प्रकाश की पत्नी रोशनी को तीन दिन से पेट में दर्द था। शुक्रवार सुबह लगभग 11 बजे वह पति के साथ निजी अस्पताल में दवा लेने गई थीं। दोपहर एक बजे घर लौटने पर उन्हें कंपकंपी हुई। कुछ देर बाद उनका शरीर तपने लगा। तेज बुखार देख परिजन उन्हें आनन-फानन जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां इलाज के दौरान उनकी भी मौत हो गई। डॉक्टरों ने हीट स्ट्रोक से रोशनी की मौत का अंदेशा जताया है।
बांगरमऊ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के निकट अचानक एक डीसीएम चालक लू की चपेट में आ गया। गंभीर हालत मेx सीएचसी से उसे जिला अस्पताल ले जाया जा रहा था। मगर रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। आगरा के थाना फतेहपुर सीकरी के ग्राम जैतपूरा निवासी श्रीनिवास बंजारा पुत्र देवी सिंह एक डीसीएम लेकर हरदोई की ओर जा रहा था। हरदोई-उन्नाव मार्ग पर सीएचसी के निकट अचानक उसकी हालत खराब हो गई। उसने तुरंत गाड़ी बंद कर दी। इससे बड़ा हादसा होने से बच गया। राहगीर उसे तुरंत सीएचसी ले गए। वहां मौजूद डॉक्टरों ने ऑक्सीजन लगाकर चालक को तुरंत 108 एंबुलेंस से जिला अस्पताल भिजवाया। मगर रास्ते में उसकी मौत हो गई। नवागत चौकी इंचार्ज हामिद अली सिद्दीकी ने चालक श्रीनिवास के मोबाइल से तुरंत उसके घर पर घटना की सूचना दी।
शनिवार को डायरिया और हीट स्ट्रोक से पीड़ित मरीजों से जिला अस्पताल पटा रहा। डॉक्टरों ने कड़ी धूप में घर से बाहर निकलने पर एहतियात बरतने की सलाह दी है। जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉ. आलोक पांडेय ने बताया कि प्रतिदिन ओपीडी में दो सैकड़ा मरीजों को देखा जाता है। इनमें एक सैकड़ा से अधिक डायरिया और हीट स्ट्रोक के मरीज होते हैं। उन्होंने तेज धूप में सिर ढंककर बाहर निकलने के साथ अन्य सावधानियां बरतने की बात कही।