हसनगंज। कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में किशोरी के घर में उसके ही दुपट्टे के फंदे से युवक का शव लटका मिलने की घटना में एसआईटी शव का दोबारा पोस्टमार्टम कराएगी। दफ्न शव को निकलवाने और पोस्टमार्टम के लिए जांच टीम में शामिल इंस्पेक्टर ने डीएम को प्रार्थनापत्र दिया है। आईजी के नेतृत्व में हुई जांच में मामला संदिग्ध पाया गया है। सोमवार को घटना का रिक्रिएशन भी कराया जाएगा। एसआईटी को 10 जनवरी को न्यायालय में
अबतक की कार्रवाई की रिपोर्ट और दाखिल कर अगली तारीख लेगी।
हसनगंज कोतवाली के एक गांव निवासी रामप्रसाद रावत के बेटे दीपक (22) का शव 24 नवंबर को घर से करीब पचास मीटर दूर पड़ोसी सजातीय किशोरी के घर के बरामदे में फंदे से लटका मिला था। जिस दुपट्टे से शव लटका था वह किशोरी का ही था। मृतक के पिता ने किशोरी और उसके पिता पर हत्या कर शव लटकाने का आरोप लगाया था।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग की पुष्टि हुई थी। मृतक के पिता ने उच्च न्यायालय की शरण ली और न्यायालय ने डीजीपी को पिता-पुत्री पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर एसआईटी गठित कर जांच का आदेश दिया। शुक्रवार को आईजी तरुण गाबा के नेतृत्व में टीम ने जांच की थी। अब एसआईटी युवक के शव का दोबारा पोस्टमार्टम कराएगी। शनिवार को एएसपी हरदोई नृपेंद्र सिंह के नेतृत्व में टीम पूरे दिन कागजी प्रक्रिया पूरी कराने में जुटी रही। दोबारा पोस्टमार्टम कराने के लिए डीएम से अनुमति मांगी है। मामले की 10 जनवरी को उच्च न्यायालय में सुनवाई होनी है। एएसपी नृपेंद्र सिंह ने बताया कि मामले की जांच अभी चल रही है। शव का रिपोस्टमार्टम का भी विचार चल रहा है।