भू माफिया और उसके साथियों ने वृद्ध को बंधक बना उसकी जमीन का बैनामा करा लिया। बुधवार रात पुलिस ने किसी तरह वृद्ध को उनके चंगुल से छुड़ाया। मामले में कलेक्ट्रेट के चतुर्थ श्रेणी कर्मी और अधिवक्ता सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
माखी थाना क्षेत्र के पूरा निफ्सपंसारी गांव निवासी रामनरेश सिंह (55) करीब एक सप्ताह पहले लापता हो गए। उनके बेटे शक्ति सिंह के मोबाइल पर आई काल में 20 लाख की फिरौती मांगी गई। पैसे न देने पर जान से मारने की धमकी दी गई। शक्ति सिंह के बताने पर पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू की।
इस दौरान शहर कोतवाली के चौरा गांव स्थित राइस मिल पर छापा मारा। यहां रामनरेश बंधक मिला।
पुलिस ने उसे छुड़ाने के बाद राइस मिल मालिक शहर के मोहल्ला कल्याणी निवासी शिशु कुमार उर्फ कपूर, इसकी दूसरी पत्नी बताई जाने वाली मंजू, भतावां गांव निवासी कलेक्ट्रेट के चतुर्थ श्रेणी कर्मी छोटेलाल, अजगैन के नवई गांव निवासी अधिवक्ता नीरज हाल पता गिरजाबाग, नौरंगाबाद गांव निवासी वकील के मुंशी विजय को गिरफ्तार किया।
पूछताछ में पता चला कि भू माफिया शिशु उर्फ कपूर ने अपने साथियों की मिलीभगत से रामनरेश का अपहरण कराया। इसके बाद उसकी नौ बीघा जमीन अधिवक्ता नीरज और उसके मुंशी विजय के माध्यम से अपनी दूसरी पत्नी पीडी नगर निवासी मंजू के नाम बैनामा करा लिया। यह रजिस्ट्री मंगलवार को कराई गई।
पुलिस ने रजिस्ट्री पेपर भी बरामद कर लिया। कोतवाली प्रभारी प्रदीप यादव ने बताया कि चारों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेजा जा रहा है। आरोपी जमीन की दाखिल खारिज के बाद हत्या करने की योजना बना लिए थे।