लखनऊ कानपुर हाईवे स्थित मिर्जा इंटरनेशनल के बाहर मानदेय की मांग को लेकर हंगामा कर रहे श्रमिकों क?
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सोनिक(उन्नाव)। दही चौकी औद्योगिक क्षेत्र के कानपुर-लखनऊ हाईवे पर स्थित मिर्जा इंटरनेशनल में कार्यरत अस्थायी श्रमिकों ने लॉकडाउन अवधि का पैसा देने की मांग को लेकर फैक्टरी गेट पर प्रदर्शन किया। सूचना पर दहीचौकी प्रभारी मौके पर पहुंचे और श्रमिकों के साथ फैक्टरी प्रबंधन से बातचीत की। प्रबंधन ने 14 मई को शासन की नई गाइडलाइन आने के बाद ही पैसा देने की बात कही। जिसके बाद चौकी इंचार्ज ने श्रमिकों को समझाकर घर भेज दिया।
शनिवार सुबह करीब 10 बजे हाईवे स्थित मिर्जा इंटरनेशनल फैक्टरी में कार्यरत एक सैकड़ा अस्थायी (डेली वेज) श्रमिक गेट पर पहुंचे। यहां पर एकजुट होकर हंगामा करने लगे। श्रमिकों का कहना था कि फैक्टरी में कार्यरत स्थायी श्रमिकों को लॉकडाउन अवधि का वेतन दिया गया है। जबकि वह लोग अस्थायी हैं इसलिए उन्हें पैसा नहीं दिया गया। श्रमिकों ने लॉकडाउन अवधि का 45 दिन का पैसा दिलाने की मांग रखी। भारी संख्या में श्रमिकों के पहुंचने से हाईवे पर जाम की स्थिति बन गई।
सूचना पर दहीचौकी प्रभारी प्रेम नारायण सरोज पहुंचे और लोगों को शांत कराया। करीब एक घंटे चले हंगामे के दौरान काफी संख्या में श्रमिक मौजूद होने से सोशल डिस्टेंसिंग के मानक का पालन भी नहीं हुआ। पुलिस चौकी प्रभारी ने श्रमिकों की समस्या की जानकारी कर फैक्टरी प्रबंधन से बात की। चौकी इंचार्ज ने श्रमिकों को बताया कि फैक्टरी प्रबंधन ने 14 मई को जारी होने वाली सरकार की नई गाइडलाइन के आधार पर दायरे में आने वाले श्रमिकों को भुगतान किया जाएगा। इसके बाद श्रमिक अपने घर लौट गए। फैक्टरी मैनेजर फ रहद खान ने फैक्टरी के बाहर हंगामे से इंकार किया। बताया कि नियमानुसार वेतन व पारिश्रमिक का भुगतान किया जाएगा।